दो कर्मचारी के भरोसे बस स्टैण्ड

शहर में रोडवेज बस स्टैण्ड दो ही कर्मचारी के भरोसे चल रहा है। कहने को तो बस स्टैण्ड पर स्टेशन इंचार्ज, बुकिंग क्लर्क व पूछताछ कर्मचारियों के सात पद स्वीकृत है, लेकिन वर्तमान में केवल दो ही कर्मचारी कार्यरत हैं।

2 min read
Jun 05, 2016



शहर में रोडवेज बस स्टैण्ड दो ही कर्मचारी के भरोसे चल रहा है। कहने को तो बस स्टैण्ड पर स्टेशन इंचार्ज, बुकिंग क्लर्क व पूछताछ कर्मचारियों के सात पद स्वीकृत है, लेकिन वर्तमान में केवल दो ही कर्मचारी कार्यरत हैं। एक कर्मचारी अवकाश पर होने से दूसरे कर्मचारी पर कार्य का अतिरिक्त भार आ जाता है। उसे दोहरी ड््यूटी करनी पड़ती है। इसके बावजूद रोडवेज प्रशासन पद भरने को लेकर उदासीन है।

जानकारी के अनुसार बस स्टैण्ड पर प्रतिदिन छह दर्जन से अधिक बसें जयपुर, करौली, हिण्डौनसिटी, धौलपुर, अलवर विभिन्न रूटों पर संचालित होती है। इन दिनों 800 से 900 के बीच प्रतिदिन यात्रीभार है। बस स्टैण्ड पर बस एजेण्ट ही यात्रियों के टिकट बना रहे हैं। वर्तमान में यहां दो बुकिंग क्लर्क के अलावा तीन बस बुकिंग एजेण्ट हैं।

ये भी पढ़ें

‘जादू नहीं विज्ञान है, समझना समझाना आसान है के माध्यम से बताया विज्ञान


दो दशक पहले आठ बुकिंग क्लर्क
रोडवेजकर्मियों ने बताया कि करीब दो दशक पहले बस स्टैण्ड पर आठ बुकिंग क्लर्क थे। इसके बाद धीरे-धीरे चार ही पद रह गए। इतना ही नहीं दो साल से स्टेशन इंचार्ज का पद भी रिक्त है। वहीं पूछताछ के दो पद स्वीकृत है, लेकिन एक भी कार्यरत नहीं है।

खलती है कमी
सावे व त्योहारों के सीजन में यात्रीभार अधिक होने से कर्मचारियों की कमी खलती है। इस दौरान यात्रियों को भी परेशान का सामना करना पड़ता है। इधर, अधिकांश समय यात्री बसों के संचालन को लेकर टिकट खिड़की पर पूछताछ करते नजर आते हैं। ऐसे में बुकिंग खिड़की पर कार्यरत कर्मचारियों को ही टिकट बनाने से लेकर यात्रियों को बसों के संचालन की जानकारी देनी पड़ती है।

ये है स्थिति
पद स्वीकृत कार्यरत
स्टेशन इंचार्ज 1 -
बुकिंग क्लर्क 4 2
पूछताछ 2 -


इनका कहना है
स्थायी बस स्टैण्ड बनने के बाद सभी स्वीकृत पद भरे जाएंगे। यहां दो बुकिंग क्लर्क के अलावा तीन बुकिंग एजेण्ट लगा रखे है। ऐसे में कार्य बाधित नहीं होता है।
अलीम खां, प्रबंधक प्रशासन, हिण्डौनसिटी डिपो


Published on:
05 Jun 2016 04:47 pm
Also Read
View All