श्योपुर

हर बार लंबित प्रकरणों की होती है समीक्षा, फिर भी नहीं होता निराकरण

कलेक्टर की अध्यक्षता में फिर हुई समय-सीमा के प्रकरणों की समीक्षा- विभागवार लंबित प्रकरणों का निराकरण करने के कलेक्टर ने दिए निर्देश
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Apr 22, 2019
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हर बार लंबित प्रकरणों की होती है समीक्षा, फिर भी नहीं होता निराकरण

श्योपुर
समय सीमा के प्रकरणों की समीक्षा बैठक में एक बार फिर कलेक्टर बसंत कुर्रे ने एक सप्ताह में प्रकरणों का निराकरण करने के निर्देश विभागीय अधिकारियों को दिए हैं। इस तरह के निर्देश हर बैठक में विभागवार लंबित प्रकरणों को लेकर दिए जाते हैं, लेकिन प्रकरणों कानिराकरण अफसर नहीं कर पाते। लिहाजा हितग्राही इस दफ्तर से उस दफ्तर चक्कर काटता रहता है। सोमवार को टाइम लिमिट बैठक में कलेक्टर ने विभागवार लंबित प्रकरणों की समीक्षा की।
कलेक्टर ने कहा कि राजस्व अधिकारी आरबीसी 64 के तहत नए निर्देशों के अनुसार हितग्राहियों के प्रकरण बनाएं। जिससे आगजनी की घटनाओं से संबंधित व्यक्तियों को मदद मिल सके। साथ ही उन्होंने कहा कि वरिष्ठ कार्यालयों से प्राप्त पत्रों का निराकरण समय पर किया जाए। सीएम हेल्पलाइन, जनसुनवाई, समय सीमा के प्रकरणों का निराकरण एक सप्ताह में करने को कहा। अनुविभागीय अधिकारी राजस्व एवं जिला अधिकारी को एनआरसी केंद्रों का निरीक्षण करने के निर्देश दिए।

अपर कलेक्टर दिलीप कापसे ने बैठक में प्रजेंटेशन के माध्यम से समय-सीमा के प्रकरण, पीजीटीएल, सहायता राशि के प्रकरण, सीएम हेल्पलाइन और अन्य प्रकार के प्रकरणों की प्रकरणवार विभागीय अधिकारियों से स्थिति जानी। कलेक्टर ने न्यायालयों के अंतर्गत विभिन्न विभागों में चल रहे प्रकरणों की विभागवार समीक्षा के दौरान कहा कि इन प्रकरणों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। साथ ही जिन न्यायालयों में प्रकरण चल रहे हैं उनका निराकरण जल्द कराया जाए।

Updated on:
22 Apr 2019 09:00 pm
Published on:
22 Apr 2019 09:00 pm