पानी की टंकी और टावर इन दियों प्रशासन की चिंता के केंद्र बन गए हैं। आए दिन लड़के और लड़कियां इन टावरों पर चढ़कर अपनी मागों को पूरा कराने का ड्रामा कर रहे हैं और उन्हें उतारने के लिए पुलिस को घंटों मशक्कत करनी पड़ रही है।
सिद्धार्थनगर जिले में सोमवार को इटवा थानाक्षेत्र में उस समय हड़कंप मच गया जब एक युवक मोबाइल टावर पर चढ़कर हंगामा करने लगा, थोड़ी हो देर में टावर के नीचे भारी भीड़ जुट गई और लोग उसे नीचे उतारने के लिए आवाज देने लगे। जब कोई सफलता नहीं मिली तब पुलिस को सूचना दी गई, इस बीच लगभग दो घंटे तक यह ड्रामा चलता रहा।
सोमवार की सुबह इटवा थाना क्षेत्र के पिपरा पठान (मुर्गिहवा) गांव के पास एक युवक शादी की मांग को लेकर मोबाइल टावर पर चढ़ गया। सूचना फैलते ही मौके पर सैकड़ों ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई, टावर पर चढ़ने वाले युवक की पहचान कठेला समय माता थाना क्षेत्र के इंद्रीग्रांट ,बक्शडीह टोला निवासी विशाल चौहान पुत्र रामदास के रूप में हुई। बताया जा रहा है कि उसका एक युवती से प्रेम प्रसंग चल रहा था और वह उसी से शादी की मांग को लेकर टावर पर चढ़ा।
युवक के टावर पर चढ़े होने की जानकारी मिलते ही परिजन मौके पर पहुंचे और मोबाइल फोन पर बात कर उसे समझने लगे लेकिन कोई फर्क नहीं पड़ा। सूचना मिलते ही इटवा पुलिस भी मौके पर पहुंच गई और रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। काफी मशक्कत के बाद पुलिस टीम ने युवक को सुरक्षित नीचे उतार लिया और उसे थाने ले जाकर आगे की कार्रवाई की।
टावर पर चढ़कर ड्रामा करने के मामले बढ़ते ही जा रहे हैं। अभी 12 अप्रैल को खेसरहा थाना क्षेत्र के कठमोरवा गांव में भी जमुवार निवासी आकाश चौधरी सुबह करीब 9 बजे मोबाइल टावर पर चढ़ गया था। सूचना पर पहुंची पुलिस टीम ने घंटों समझाने का प्रयास किया, लेकिन युवक नहीं माना। करीब 9 घंटे की मशक्कत के बाद बजे उसे सुरक्षित नीचे उतारा गया। यह मामला भी प्रेम प्रसंग से जुड़ा बताया गया।
इससे पहले 28 मार्च को इटवा थाना क्षेत्र के दुफेड़िया गांव में जितेंद्र पुत्र कृष्ण वर्मा नाम का युवक भी प्रेम प्रसंग के विवाद में मोबाइल टावर पर चढ़ गया था। उसने खुद डायल 112 पर कॉल कर सूचना दी थी। करीब चार घंटे चले घटनाक्रम के बाद पुलिस ने उसे भी सुरक्षित नीचे उतार लिया था। फिलहाल पुलिस की सक्रियता से कोई हादसा नहीं हो रहा है लेकिन ये चलन धीरे धीरे खतरनाक रुख अख्तियार करता जा रहा है।