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जिस उम्र में डेब्यू करते हैं खिलाड़ी, उसी उम्र में जापान की ओलंपिक चैंपियन रेसलर ने लिया संन्यास

2016 में अंडर-17 विश्व चैंपियन बनीं सकुराई ने 2022 और 2023 में एशियन चैंपियनशिप और एशियन गेम्स में स्वर्ण पदक जीते। इसके अलावा एशियन चैंपियनशिप 2024 में उन्होंने सिल्वर मेडल भी अपने नाम किया।
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Apr 05, 2026
Tsugumi Sakurai, Paris Olympics 2024
सुगुमी सकुराई (फोटो- IANS)

पेरिस ओलंपिक में 57 किलोग्राम भार वर्ग की महिला कुश्ती चैंपियन सुगुमी सकुराई ने महज 24 साल की उम्र में संन्यास लेने का फैसला किया है। जापान की यह खिलाड़ी अब पहलवानों की नई पीढ़ी को तैयार करने के साथ पश्चिमी जापान में अपने गृह क्षेत्र कोची प्रीफेक्चर के लिए खेलों की गुडविल एम्बेसडर (Goodwill Ambassador) के तौर पर काम करेंगी। सकुराई साल 2021, 2022 और 2023 में लगातार तीन बार वर्ल्ड चैंपियन रही थीं, जिसके बाद उन्होंने पेरिस ओलंपिक 2024 में अपने देश के लिए गोल्ड जीता।

सोशल मीडिया पर संन्यास की जानकारी देते हुए सकुराई ने इंस्टाग्राम पोस्ट में लिखा, "आपके लगातार समर्थन के लिए धन्यवाद। मैंने कुश्ती में अपने लगभग 21 साल के करियर को अलविदा कहने और संन्यास लेने का फैसला किया है। अब तक, मैं बहुत से लोगों के समर्थन से एक बेहतरीन माहौल में कुश्ती में आगे बढ़ पाई हूं। मैं ओलंपिक में गोल्ड जीतने का सपना पूरा कर पाई। आप सभी के समर्थन के लिए धन्यवाद।"

बच्चों को सिखाएंगी रेसलिंग

फैंस का आभार जताते हुए सकुराई ने लिखा, "आपके लगातार मार्गदर्शन और समर्थन के लिए बहुत-बहुत धन्यवाद, तब भी जब नतीजे हासिल करना मुश्किल था। कुश्ती के जरिए मुझे बहुत सारे अनुभव मिले हैं। पीछे मुड़कर देखती हूं, तो बहुत दर्द भी हुआ, लेकिन मुझे खुशी है कि मैंने कुश्ती जारी रखी।

अपने नए सफर की जानकारी देते हुए सकुराई ने बताया, "यह फैसला मैंने पिछले एक साल में बहुत से लोगों से बात करने और सोचने-समझने के बाद लिया है। मैं अब से कोची रेसलिंग क्लब, कोनान सिटी में एक क्लासरूम शुरू करना चाहती हूं, और रेसलिंग को फैलाने और मजबूत करने के लिए अपना पूरा जोर लगा दूंगी।"

सकुराई की सफलता की कहानी

2016 में अंडर-17 विश्व चैंपियन बनीं सकुराई ने 2022 और 2023 में क्रमशः एशियन चैंपियनशिप और एशियन गेम्स में स्वर्ण पदक जीते। हालांकि, एशियन चैंपियनशिप 2024 के फाइनल में उन्हें अपने करियर की गिनी-चुनी शिकस्त में से एक का सामना करना पड़ा।

इसके बाद सकुराई ने शानदार वापसी की और महज पांच महीने बाद पेरिस में अपने करियर की सबसे बड़ी उपलब्धि हासिल की। सेमीफाइनल में उन्होंने 2016 रियो ओलंपिक की चैंपियन हेलेन मारौलिस (अमेरिका) को 10-4 से हराया। इसके बाद फाइनल में मोल्दोवा की अनास्तासिया निकिता को 6-0 से हराकर गोल्ड अपने नाम किया।

Updated on:
05 Apr 2026 06:22 pm
Published on:
05 Apr 2026 06:22 pm