राजस्थान के श्रीगंगानगर जिले में केमिस्ट का अपहरण कर हत्या के मामले में पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस के मुताबिक युवक की लिव-इन पार्टनर ने उसकी हत्या कराई थी। पुलिस ने महिला समेत 6 लोगों को गिरफ्तार किया है।
श्रीगंगानगर। जवाहरनगर थाना क्षेत्र में युवक के अपहरण और हत्या के सनसनीखेज मामले का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। चौंकाने वाली बात यह रही कि मृतक के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रह रही महिला ने ही अपने बेटों और रिश्तेदारों के साथ मिलकर हत्या की पूरी साजिश रची थी। पुलिस ने महिला सहित छह आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। जिला पुलिस अधीक्षक हरी शंकर ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तकनीकी अनुसंधान और मुखबिर तंत्र की मदद से आरोपियों तक पहुंच बनाई। पुलिस जांच में सामने आया कि पारिवारिक विवाद और आपसी मनमुटाव के चलते इस वारदात को अंजाम दिया गया।
पुलिस के अनुसार 25 मई 2026 को पदमपुर निवासी विनय कुमार ने जवाहरनगर थाने में रिपोर्ट दर्ज करवाई। उन्होंने बताया कि उनका बेटा कपिल जिंदल श्रीगंगानगर की एसएसबी रोड पर मेडिकल व्यवसाय करता था और मीरा चोक के पास स्थित शंकर कॉलोनी में किराए के मकान में रह रहा था। जब परिवार को कपिल के साथ मारपीट की सूचना मिली और वे उसके घर पहुंचे तो कमरे में हर तरफ खून फैला हुआ था। कपिल के साथ रह रही महिला भी रातभर से गायब थी। बाद में लौटकर उसने बताया कि पांच लोग कपिल के साथ मारपीट कर उसे जबरन उठाकर ले गए। रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
जांच में खुलासा हुआ कि कपिल जिंदल पिछले करीब दो महीनों से सुखविंद्र कौर उर्फ राधिका के साथ शंकर कॉलोनी में लिव-इन में रह रहा था। सुखविंद्र कौर के पति की पहले ही मृत्यु हो चुकी थी। पुलिस पूछताछ में सामने आया कि कपिल और राधिका के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। इसी के चलते राधिका ने अपने बेटों गुरप्रीत सिंह उर्फ बंटी और अमनदीप सिंह उर्फ बॉबी नागरा, साथ ही अपने दामाद गुरदर्शन सिंह के साथ मिलकर कपिल को रास्ते से हटाने की योजना बनाई। 23-24 मई की रात आरोपियों ने योजनाबद्ध तरीके से पहले कपिल के साथ मारपीट की, फिर उसका अपहरण कर लिया। बाद में उसकी हत्या कर शव को इंदिरा गांधी नहर में फेंक दिया।
पूरे ऑपरेशन में जवाहरनगर थाना प्रभारी देवेन्द्र सिंह के नेतृत्व में गठित टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। टीम में उप निरीक्षक नरेश कुमार सहित कई पुलिसकर्मी शामिल रहे। पुलिस ने मामले में पंजाब और राजस्थान से जुड़े छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इसमें पंजाब के मुक्तसर निवासी सिंकन्दर सिंह (32), सतपाल सिंह (38) गुरप्रीत सिंह उर्फ बंटी (31) अमनदीप सिंह उर्फ बॉबी (31) को गिरफ्तार किया है। वहीं राजस्थान के हनुमानगढ़ निवासी गुरदर्शन सिंह (29) और श्रीगंगानगर निवासी सुखविन्द्र कौर उर्फ राधिका (40) को पुलिस ने गिरफ्तार किया है।
इस पूरे प्रकरण में महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष और मीरा चौक क्षेत्र के निवर्तमान पार्षद कमला बिश्नोई की अहम भूमिका रही। घटना स्थल पर पहुंचे परिजनों की जब पुलिस ने सुनवाई नहीं की तब कमला बिश्नोई ने पूर्व मंत्री सुरेन्द्रपाल सिंह टीटी से संपर्क किया। मृतक का परिवार पदमपुर क्षेत्र का है, ऐसे में टीटी ने एसपी को पूरे घटनाक्रम से अवगत कराते हुए इस मामले की जांच की मांग की।
रविवार रात करीब दो बजे आखिर जवाहरनगर पुलिस ने किराये के मकान को खोला तब वहां बेड पर खून बिखरा हुआ मिला। जब आसपास के सीसीटीवी कैमरों को खंगाला तब दो कारों में पांच लोगों के आने और महज पांच मिनट के उपरांत वापस कपिल जिन्दल को बांधकर ले जाने की पुष्टि हुई।