
श्रीगंगानगर.
दिल्ली में पार्लियामेंट स्ट्रीट पर 20 नवंबर से तीन दिवसीय किसान संसद के लिए किसान संगठन प्रचार-प्रसार में जुटे हैं। ऑल इंडिया किसान संघर्ष कॉर्डिनेशन कमेटी के बैनर तले देशभर के 184 किसान संगठन एकजुट होकर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन करेंगे।किसानों ने संसद स्ट्रीट पर किसानों की अलग से संसद लगाने का निर्णय किया है। कमेटी सदस्य रमन रंधावा ने बताया कि स्वामीनाथन रिपोर्ट लागू कराने और संपूर्ण कर्जमुक्ति की मांग का प्रस्ताव तैयार किया जाएगा। इस पर चर्चा के बाद प्रस्ताव पास कर कानून बनाने और इसे लागू करने तक का पूरा प्रोसेस किया जाएगा। साथ ही यही कानून संसद में भी पारित कराने का काम 184 संगठनों द्वारा किया जाएगा। दिल्ली में पार्लियामेंट स्ट्रीट पर होगी किसान संसद ।
रामलीला मैदान में ठहरने का प्रबंध
दिल्ली स्थित रामलीला मैदान में देशभर से आने वाले किसानों के ठहरने, खाने सहित अन्य व्यवस्थाएं की जाएंगी। इसके लिए वहां बड़ा टैंट लगाया जाएगा। कमेटी का दावा है कि देशभर से 50 से 60 हजार किसान दिल्ली में मांग को लेकर एकजुटता दिखाएंगे। किसानों को दिल्ली तक पहुंचाने के लिए विभिन्न किसान संगठन अलग-अलग जगहों पर किसानों से संपर्क कर रहे हैं।
श्रीगंगानगर से ट्रेन और बसों से जाएंगे किसान
किसान संघर्ष समिति के सुभाष सहगल ने बताया कि दिल्ली में 20 नवंबर से आयोजित होने वाली किसान संसद में भाग लेने के लिए श्रीगंगानगर से 19 नवंबर को दिल्ली सरायरोहिल्ला ट्रेन और बसों से किसान जाएंगे। ट्रेन के लिए टिकट बुकिंग का काम शुरू कर दिया गया है। किसानों से दिल्ली पहुंचने का आह्वान गुरुद्वारा और मंदिरों में लाउडस्पीकर से सूचना देकर भी किया जाएगा। इसके लिए 16 नवंबर को गुरुद्वारों में अनाउंस कराया जाएगा वहीं गुरुद्वारा बुड्ढा जोहड़ में अमावस्या पर लगने वाले मेले में भी दिल्ली पहुंचने के लिए किसानों से आह्वान किया जाएगा।