
श्रीगंगानगर.स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के तहत ग्राम पंचायतों में साफ-सफाई की व्यवस्थाओं में मिली खामियों और अनियमितताओं पर अब प्रशासनिक कार्रवाई शुरू हो गई है। पंचायती राज विभाग ने श्रीगंगानगर और हनुमानगढ़ जिले की 12 ग्राम पंचायतों के प्रशासकों को पदमुक्त कर दिया है। यह कार्रवाई पंचायती राज मंत्री मदन दिलावर की ओर से किए गए औचक निरीक्षण के बाद की गई है, जिससे विभागीय स्तर पर हलचल मच गई है।पंचायती राज विभाग के अतिरिक्त आयुक्त एवं शासन सचिव (द्वितीय) त्रिलोकचंद मीना की ओर से जारी आदेशों के अनुसार श्रीगंगानगर जिले की नौ ग्राम पंचायतों में कार्रवाई की गई है। इनमें पंचायत समिति श्रीगंगानगर की ग्राम पंचायत नेतेवाला की प्रशासक अनीता ताखर तथा गणेशगढ़ के अवतार सिंह गिल, पंचायत समिति सादुलशहर की ग्राम पंचायत मम्मडखेड़ा की प्रशासक राजबाला स्वामी, ताखरांवाली के भारतरत्न, लालगढ़ जाटान की कमलेश कुमारी, सरदारपुरा जीवन की राधा देवी तथा पंचायत समिति सूरतगढ़ की भैरूपुरा सिलवाणी की द्रोपती देवी, रघुनाथपुरा की सावित्री देवी और भगवानगढ़ की सतवीर कौर को पद से मुक्त किया गया है।इसी प्रकार हनुमानगढ़ जिले की ग्राम पंचायत अयालकी, खोथांवाली और पक्काभादवा के प्रशासकों गोपालराम, सुशीला तथा चेतराम को भी पदमुक्त कर दिया गया है। गौरतलब है कि पंचायती राज मंत्री मदन दिलावर ने 22 व 23 अप्रेल 2026 को इन ग्राम पंचायतों का औचक निरीक्षण किया था। निरीक्षण के दौरान स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के निर्धारित मानकों के अनुरूप साफ-सफाई नहीं मिलने तथा विभिन्न स्तरों पर अनियमितताएं पाए जाने पर मंत्री ने नाराजगी जताई थी। इसके बाद विभाग ने जवाबदेही तय करते हुए यह कार्रवाई की है।
बताया जा रहा है कि कार्रवाई केवल सरपंचों और प्रशासकों तक सीमित नहीं रहेगी। जिला परिषद के अनुसार पंचायत समिति श्रीगंगानगर, सादुलशहर और सूरतगढ़ के ब्लॉक समन्वयकों तथा जिला परिषद में कार्यरत एक जिला समन्वयक को पद से हटाने की कार्रवाई की जाएगी। वहीं संबंधित पंचायत समितियों के विकास अधिकारियों (बीडीओ), अतिरिक्त प्रशासनिक अधिकारियों और सहायक अभियंताओं को चार्जशीट देने के निर्देश जारी किए गए हैं।
जिला परिषद के अनुसार ग्राम पंचायत मम्मडखेड़ा, नेतेवाला, गणेशगढ़, ताखरांवाली, भगवानगढ़, रघुनाथपुरा, लालगढ़ जाटान, सरदारपुरा जीवन और भैरूपुरा सिलवाणी ग्राम पंचायतों के ग्राम विकास अधिकारियों (वीडीओ) के विरुद्ध निलंबन की कार्रवाई प्रस्तावित की गई है। विभागीय स्तर पर इसकी प्रक्रिया जारी है।
जिले की नौ ग्राम पंचायतों के निवर्तमान सरपंचों एवं प्रशासकों को पदमुक्त किया गया है। संबंधित ग्राम विकास अधिकारियों के निलंबन तथा तीन पंचायत समितियों के ब्लॉक समन्वयकों, जिला स्तरीय समन्वयक और अन्य जिम्मेदार अधिकारियों के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
-गिरधर, मुख्य कार्यकारी अधिकारी, जिला परिषद, श्रीगंगानगर