
श्रीगंगानगर.
मारपीट के मामले में एफआर लगाने के एवज में ग्यारह हजार रुपए की रिश्वत लेने के आरोपित एसआई राधेश्याम सांखला को अदालत ने न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया। बीकानेर भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की टीम ने यहां जवाहरनगर थाने में कार्रवाई कर परिवादी से प्रकरण में कार्रवाई करने की एवज में ग्यारह हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए इस एसआई को गिरफ्तार किया था।
बीकानेर एसीबी के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रजनीश पूनिया ने बताया कि जांच में यह सामने आया कि एसआई सांखला का कुछ दिन पहले जवाहरनगर थाने से तबादला हो गया था। उसकी पोस्टिंग के आदेश अब हनुमानगढ़ जिले के लिए आईजी बीकानेर रेंज ने जारी किए थे। इसके बावजूद वह जवाहरनगर थाने से रिलीव नहीं हुआ। हालांकि, उसने पूछताछ में यह स्वीकारा कि वह अगले एक दो दिन में ही रिलीव होने वाला था। इससे पहले एसबीबी की गिरफ्त में आ गया। ज्ञात रहे कि 2 डी छोटी साधुवाली निवासी भरत कुमार पुत्र बिहारीलाल कुम्हार ने 3 फरवरी को बीकानेर के एसीबी कार्यालय में शिकायत दी कि वह साधुवाली मार्केट में हाइवे पर एक वर्कशॉप चलाता है, जहां पड़ोसी गांव के रवि सेतिया ने कृषि यंत्रों का कार्य कराया था।
मजदूरी के रुपए मांगने पर वह नाराज हो गया और पैसे देने से मना कर दिया। जून माह में कुछ दिन बाद फिर रुपए मांगे तो उसने थाने की धमकी दी और उसके बाद उसे थाने में ले जाकर पुलिसकर्मियों से पिटवा दिया। इससे परेशान होकर भरत कुमार ने जवाहरनगर थाने के सीआई, एसआई व पुलिसकर्मियों तथा रवि सेतिया के खिलाफ अदालत में इस्तगासा करवा दिया। इस इस्तगासे की जांच अदालत ने पुलिस से कराने के आदेश किए थे। इस मामले की जांच जवाहरनगर थाने में तैनात एसआई राधेश्याम को जांच दी गई। इस इस्तगासे के मामले में जांच करने व परिवादी के खिलाफ चोरी का मामला दर्ज नहीं करने की एवज में पंद्रह हजार रुपए रिश्वत के मांगे।
पंद्रह हजार रुपए नहीं देने पर इस्तगासे की जांच बंद करने व परिवादी के खिलाफ कार्रवाई करने की धमकी दी और रिश्वत की राशि के लिए परेशान करता रहा। भरत कुमार ने इसकी शिकायत बीकानेर एसीबी को की। शिकायकर्ता से पन्द्रह की बजाय बारह हजार रुपए की रिश्वत पर वह सहमत हो गया, शुक्रवार को जैसे ही परिवादी ने एसआई सांखला को ग्यारह हजार रुपए की रिश्वत दी तो एसीबी टीम ने उसे काबू कर लिया।
तब सीआईडी में था एसआई सांखला
एसआई सांखला पुलिस सेवा में दस साल पहले आया था। थाने में पोस्टिंग से पहले पुलिस की सीआईडी शाखा में काम कर रहा था, जब वह एसआई के लिए चयनित हुआ तो उसे थाने में पोस्टिंग मिल गई। इएसआई सांखला पुलिस सेवा में दस साल पहले आया था। थाने में पोस्टिंग से पहले पहले पुलिस की सीआईडी शाखा में काम कर रहा था। बीकानेर रेंज के आईजी ने उसे पिछले साल श्रीगंगानगर जिले के रावला थाने में भेजा था लेकिन उसने एक भाजपा नेता की डिजायर कराई और वह जवाहरनगर थाने में आ गया था।