सुकमा

दिवाली से पहले किसानों के लिए बड़ी खुशखबरी! अब मुर्गियां और बत्तख पालकर होंगे मालामाल…

CG News: सुकमा के 50 छोटे किसानों को सिर्फ 5,400 में हस्तनिर्मित पोल्ट्री शेड मिला। अब वे मुर्गियां और बत्तख पालकर अपनी आमदनी बढ़ा रहे हैं।
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Oct 01, 2025
किसानों को मिला हस्तनिर्मित पोल्ट्री शेड का लाभ (Photo source- Patrika)
किसानों को मिला हस्तनिर्मित पोल्ट्री शेड का लाभ (Photo source- Patrika)

CG News: सुकमा जिले में छोटे किसानों की आजीविका को सशक्त बनाने और उन्हें अतिरिक्त आय का स्रोत देने के उद्देश्य से फरवरी 2025 में अरोह फाउंडेशन ने एचडीएफसी बैंक परिवर्तन के सहयोग से कम लागत वाला पोल्ट्री शेड कार्यक्रम शुरू किया। इस पहल से अब सुकमा के कई छोटे किसान लाभान्वित हो रहे हैं।

ग्राम रामपुरम के किसान मडकामी माड़ा को इस परियोजना के तहत केवल रू 5,400 में हस्तनिर्मित पोल्ट्री शेड मिला। अब वे स्थानीय नस्ल की मुर्गियां, आसिल पक्षी और बत्तख पाल रहे हैं।

CG News: कार्यक्रम का महत्व

किसानों की आजीविका सशक्त हुई।

स्थानीय पक्षियों और मुर्गियों के पालन से अतिरिक्त आय।

पशुपालन में सुरक्षा और रोग प्रबंधन की जानकारी।

यह पहल न केवल किसानों के आर्थिक सशक्तिकरण में सहायक है, बल्कि ग्रामीण स्तर पर कृषि और पशुपालन के क्षेत्र में नवाचार और स्थिरता लाने का भी उदाहरण प्रस्तुत करती है।

उत्पादन क्षमता भी बढ़ी है…

CG News: पहले उनके पक्षी पेड़ों पर रातभर बाहर रहते थे, जिससे जंगली जानवरों का खतरा रहता था। लेकिन अब शेड में पाले जाने से पशु सुरक्षित रहते हैं और उनकी उत्पादन क्षमता भी बढ़ी है। स्थानीय नस्ल की मुर्गियों की कीमत 600 रुपए प्रति किलो तक होती है, जबकि त्योहारों के मौसम में यह 1,200-1,500 रुपए तक पहुंच जाती है।

Updated on:
01 Oct 2025 02:23 pm
Published on:
01 Oct 2025 02:23 pm