जेरोन वितरण केंद्र नोटिस लेकर पहुंचे किसान
निवाड़ी नेशनल लोक अदालत की सूची में नहीं मिला नाम, जेई पर आरोप लगाते हुए वितरण केंद्र का किया घेराव
टीकमगढ़. जेरोन बिजली वितरण केंद्र ने किसानों के नाम दस-दस हजार रुपए के सैकड़ों नोटिस जारी कर नेशनल लोक अदालत में राशि जमा करने के आदेश दिए गए। किसानों ने निवाड़ी लोक अदालत, वितरण केंद्र की बकाया और दर्ज के स सूची में नामों का मिलान किया तो एक भी नाम सामान नहीं मिले। इसके बावजूद भी जेई द्वारा नोटिस धारियों पर दवाब बनाकर बिना रसीद दिए आधी राशि जमा करने धमकाया जा रहा है। पंप कनेक्शन किसानों के नाम फर्जी नोटिस निकालने को लेकर किसान आक्रोशित हुए और जेरोन वितरण केंद्र का घेराव कर मामले की जांच करने की मांग उठाई है।
दिगवारा के पंप कनेक्शन किसान बलवीर राजपूत, मनोहर राजपूत धौर्रा गांव के किसान बैजनाथ कुशवाहा, मजरा कचार गांव के किसान प्रवेश यादव, पर्वत यादव, लुहरगुवां गांव के किसान सिल्ली अहिरवार, देवेंद्र अहिरवार, राजेंद्र अहिरवार, रामचरन अहिरवार, चंद्रभान अहिरवार, कैलाश अहिरवार, मनोहर अहिरवार, मंगना अहिरवार ने बताया कि हम लोगों द्वारा जेरोन वितरण केंद्र से पंप कनेक्शन लिए गए है। बिलों की राशि को तीन और छह महीने में जमा कर दिया गया है। जेई अंकित सिजेरिया और आऊटसोर्स कर्मचारी द्वारा हम लोगों के नाम दस-दस हजार रुपए से अधिक के फर्जी नोटिस तैयार कर घर भिजवा दिए गए। जबकि इन नोटिस की बकाया राशि सर्विस नंबर पर दिखाई नहीं दे रही है।
नेशनल लोक अदालत और वितरण केंद्र की बकाया सूची में नहीं मिला पंप कनेक्शनधारियों का नाम
किसान जगदीश राजपूत, देवीदास पाल, घासीराम पाल, संतोष यादव, दिनेश यादव, जानकी यादव, लालाराम अहिरवार, विष्णु अहिरवार, घमंडी अहिरवार ने बताया कि सभी किसान नोटिस लेकर ८ मार्च को नेशनल लोक अदालत निवाड़ी पहुंचे। जहां की बकाया सूची में नाम दिखाई नहीं दिया। यही हाल वितरण केंद्र का था। जेई ने किसानों पर दवाब बनाया और कहा कि नोटिस के आधे रुपए जमा कर दो, लेकिन जमा की रसीद नहीं दी जाएगी।
फर्जी निकला नोटिस, जेई पर कार्रवाई करने वितरण केंद्र का किया घेराव
किसान ऊदल अहिरवार, रामदयाल अहिरवार,कमलेश अहिरवार, पुष्पेेंद्र राजपूत ने बताया कि जेई द्वारा किसानों के नाम फर्जी तरीके से नोटिस जारी किए गए है। जेई और आउटसोर्स द्वारा कनेक्शन काटने के साथ कार्रवाई किए जाने के नाम पर डराया धमकाया जा रहा है। इसके साथ ही बिना रसीद दिए नोटिस की आधी राशि जमा करने का दबाव बनाया जा रहा है। जेई को हटाने और कार्रवाई किए जाने की मांग पर वितरण केंद्र का घेराव किया गया है।
मेरे नाम से पंप कनेक्शन दर्ज है और बिल की बकाया राशि नहीं है। और वितरण केंद्र संचालक ने १५ हजार रुपए का विद्युत अधिनियम २००३ की धारा १५५ के तहत नोटिस जारी कर नेशनल लोक अदालत में हाजिर होने का आदेश दिया है। लेकिन बकाया सूची में नाम भी नहीं है।
सिल्ली अहिरवार किसान लुहरगुवां।
बिजली कंपनी के वितरण केंद्र संचालक ने नेशनल लोक अदालत के नाम फर्जी नोटिस जारी किया गया है और बिन रसीद के बकाया राशि जमा करने का दबाव बनाया जा रहा है।
पर्वत यादव, किसान धौर्रा।
इनका कहना
वितरण केंद्र से दिए गए नोटिस की मुझे जानकारी नहीं है। वितरण केंद्र का कब घेराव किया, इसकी भी जानकारी नहीं है।
अंकित सिजेरिया, जेई वितरण केंद्र जेरोन।
नेशनल लोक अदालत के नोटिस नियम अनुसार ही दिए गए होंगे। बकायादार का नाम सर्विस नंबर से ही आता है। अगर बगैर बकाया बिल के नोटिस दिए गए है तो जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
एसके त्रिपाठी, एसई बिजली वितरण केंद्र टीकमगढ़/ निवाड़ी।