Udaipur Files Realease: उदयपुर के चर्चित और दिल दहला देने वाले कन्हैयालाल साहू हत्याकांड पर आधारित फिल्म ‘उदयपुर फाइल्स’ आज देशभर के 4500 सिनेमाघरों में रिलीज हो गई। इस फिल्म के पहले शो को देखने के लिए कन्हैयालाल के बेटे यश और तरुण साहू उदयपुर के अरबन स्क्वायर मॉल स्थित थिएटर पहुंचे।
इस दौरान दोनों बेटों ने अपने पिता की तस्वीर अपने साथ रखी और उनके लिए एक सीट भी रिजर्व की, मानो कन्हैयालाल भी अपनी कहानी पर्दे पर देख रहे हों। फिल्म रिलीज के मौके पर शहर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए, जिसमें संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस बल और 21 चेक पोस्ट पर विशेष टीमें तैनात की गईं।
बता दें, 28 जून 2022 को उदयपुर के मालदास स्ट्रीट में टेलर कन्हैयालाल साहू की उनकी ही दुकान में बेरहमी से हत्या कर दी गई थी। इस घटना ने न केवल उदयपुर, बल्कि पूरे देश को झकझोर कर रख दिया था। कन्हैयालाल ने एक सोशल मीडिया पोस्ट का समर्थन किया था, जिसके बाद उनकी निर्मम हत्या कर दी गई। इस घटना ने सांप्रदायिक सौहार्द को गहरी चोट पहुंचाई थी।
अब ‘उदयपुर फाइल्स’ मूवी में इसी घटना की सच्चाई को सामने लाने का प्रयास है, जिसमें अभिनेता विजय राज मुख्य भूमिका में हैं। फिल्म को सेंसर बोर्ड ने 55 कट्स के साथ रिलीज की अनुमति दी है।
फिल्म देखने पहुंचे कन्हैयालाल के बेटे यश तेली ने कहा कि कड़े संघर्ष के बाद यह फिल्म आज दर्शकों के सामने आई है। इसे कई स्तरों पर चुनौती दी गई। हाईकोर्ट, सुप्रीम कोर्ट से लेकर केंद्र सरकार तक इसकी जांच हुई। सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय और सरकार ने फिल्म देखने के बाद कहा कि यह किसी समुदाय को नुकसान नहीं पहुंचाती, इसलिए इसे रिलीज किया जाए।
यश ने भावुक होकर बताया कि उनका परिवार पिछले तीन साल से न्याय की लड़ाई लड़ रहा है, लेकिन अभी तक न्याय नहीं मिला। उन्होंने कहा कि इस फिल्म के जरिए हम देश को अपना दर्द दिखाना चाहते हैं। यह फिल्म मेरे पिता के साथ हुए अन्याय की सच्चाई को सामने लाती है। मैं चाहता हूं कि लोग इसे देखें और हमें न्याय दिलाने में साथ दें।
यश ने यह भी बताया कि उनकी मां इस बार फिल्म देखने नहीं आईं, क्योंकि पहले भी फिल्म देखने की प्रक्रिया में परिवार को कई परेशानियों का सामना करना पड़ा था। उन्होंने कहा कि हमने मां को इस बार साथ नहीं लाने का फैसला किया, क्योंकि वह पहले से ही बहुत दुख झेल चुकी हैं। यश ने आतंकवादी मानसिकता वाले लोगों और ऐसे संगठनों पर निशाना साधा, जो उनकी राय में आतंकियों को कानूनी मदद प्रदान करते हैं। उन्होंने मांग की कि ऐसे संगठनों पर तत्काल रोक लगाई जाए।
बताते चलें कि ‘उदयपुर फाइल्स’ की रिलीज के साथ उदयपुर में माहौल को शांतिपूर्ण बनाए रखने के लिए व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की गई। उदयपुर के पुलिस अधीक्षक योगेश गोयल सहित कई वरिष्ठ पुलिस अधिकारी थिएटर के आसपास मौजूद रहे। शहर के छह संवेदनशील थाना क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया, जबकि 21 चेक पोस्ट पर विशेष टीमें निगरानी कर रही थीं। थिएटर में भी कड़ी सुरक्षा व्यवस्था थी ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके।