
उदयपुर. एमबी हॉस्पिटल में पांच साल से संचालित निशुल्क पार्किंग व्यवस्था गुरुवार से बदल गई। अब परिसर में वाहन खड़ा करने पर शुल्क देना होगा। नई व्यवस्था के पहले दिन अस्पताल परिसर में बदलाव साफ दिखाई दिया। पार्किंग कर्मचारी तैनात रहे, वाहनों की पर्चियां काटी गईं और लोगों को निर्धारित जगह वाहन खड़ा करने की समझाइश की गई। हालांकि पहले दिन कुछ जगह वाहन चालकों को परेशानी का सामना भी करना पड़ा।
ओपीडी के बाहर दबाव
गुरुवार को ओपीडी क्षेत्र के आसपास भी वाहनों का दबाव दिखाई दिया। मरीजों को लेकर पहुंचने वाली गाड़ियों, निजी वाहनों और एम्बुलेंस की आवाजाही के बीच कई जगह रास्ता संकरा हो गया। सुबह ओपीडी क्षेत्र के आसपास जाम जैसी स्थिति भी बनी। मरीजों को लेकर आने वाले परिजन वाहन खड़ा करने के लिए जगह तलाशते नजर आए।
कहां खड़ी करें गाड़ी
पार्किंग व्यवस्था लागू होने के पहले दिन कई वाहन चालक इस बात को लेकर असमंजस में रहे कि किस हिस्से में वाहन खड़ा किया जाए। पार्किंग कर्मचारियों ने लोगों को निर्धारित स्थान पर वाहन खड़ा करने की समझाइश की। कई जगह कर्मचारी खुद वाहनों को सही दिशा में पार्क करवाते रहे।
ये रास्ता है, यहां नहीं
हॉस्पिटल परिसर में निर्धारित पार्किंग के अलावा अन्य स्थानों पर खड़े वाहनों को लेकर भी कर्मचारियों ने चालकों से समझाइश की। उनका कहना था कि रास्ते में वाहन खड़ा करने से मरीजों की आवाजाही प्रभावित होती है। विशेषकर गंभीर मरीजों को लेकर आने वाली एम्बुलेंस के लिए रास्ता खुला रखना जरूरी है।
---
वहां नहीं यहां पार्क करो
एमबी हॉस्पिटल में लंबे समय से निशुल्क पार्किंग के कारण मरीज और उनके परिजन सुविधा के अनुसार परिसर के अलग-अलग हिस्सों में वाहन खड़ा करते रहे हैं। अब शुल्क वाली व्यवस्था लागू होने के साथ वाहनों को निर्धारित स्थान पर खड़ा कराने की कोशिश शुरू हुई है। पहले दिन की स्थिति में व्यवस्था को पूरी तरह सामान्य होने में समय लगने के संकेत मिले। पार्किंग कर्मचारियों की मौजूदगी और समझाइश के बावजूद कई जगह वाहन निर्धारित स्थान से बाहर खड़े मिले।
कटती रही पर्ची
नई व्यवस्था के पहले दिन पार्किंग के लिए चिह्नित स्थानों पर कर्मचारी तैनात रहे। वाहन आने पर पर्ची काटी गई और चालकों को पार्किंग स्थल के बारे में जानकारी दी गई।