
उदयपुर/ मेनार. निकटवर्ती राष्ट्रीय राजमार्ग 76 पर सिक्सलेन निर्माण के बीच प्राकृतिक नालों के बहाव को पाटने ( blocked drains ) के मामले में आखिरकार हाई-वे निर्माण (
highway construction ) प्रोजेक्ट से जुड़ी टीम ने सुध ली। रविवार को मेनार-नवानिया पहुंची टीम ने तालाबों तक पहुंचने वाले नाले के बहाव ( drainage ) वाले मार्गों की सुध ली। राजस्थान पत्रिका ( rajasthan patrika news ) में शनिवार 4 अगस्त को 'हाइवे निर्माण में लापरवाही ( negligence ) से बर्ड विलेज के जल प्रवाह बाधितÓ शीर्षक से प्रकाशित खबर जिला कलक्टर ने संझान लेते हुए हाई-वे के जिम्मेदार रविवार सुबह नवानिया चौराहे से आगे मार्वल होटल के पहुंचे। टीम के साथ उचित एक्सप्रेस हाई-वे लिमिटेड सीइओ चंद्र शेखर, टाटा रियलटी रोड प्राइवेट लिमिटेड सेक्शन हेड रजनीकान्त महापात्रा, टाटा प्रोजेक्ट लिमिटेड ( Tata Project Limited ) के डिप्टी मैनेजर पराग श्रीवास्तव टाटा, टाटा कंपनी सब कॉन्ट्रेक्टर विकेसी के नरेंद्र कुमार चौधरी मौके पर पहुंचे। टीम ने नवानिया पुलिया मार्ग से मेनार डाक बंगला तक पुलिया मार्ग, होटल, ढाबा व कच्चे रास्तों से बाधित नालों के बहाव को लेकर जानकारी ली। इसके बाद जिम्मेदारों को एलटी मशीनों के माध्यम से अवरूद्ध मार्ग खोले जाने को कहा। तुरंत कार्य ने गति पकड़ी और मशीनों से अवरूद्ध नालों के मार्ग को खोलने का सिलसिला शुरू हुआ। करीब 3 एलएनटी मशीनों के माध्यम से मिट्टी हटाने का कार्य हुआ। ग्रामीणों के कहने पर प्रोजेक्ट सीइओ ने नवनिया मर्गा से लेकर मेनार तक सड़क के दोनों ओर 6-6 किलोमीटर तक बाधित मार्ग खुंलवाने की मांग की। नाले की मिट्टी को खेतों में नहीं डालकर सड़क की ओर डालने की बात कही गई।
मनमानी के लगाए आरोप ( arbitrarily charged by members )
इधर, उपखण्ड अधिकारी गोपाल परिहार के निर्देश पर हल्का पटवारी दिलीप व्यास सहित राजस्व से जुड़े अधिकारी भी मौके पर पहुंचे। तभी ग्रामीणों ने निर्माण ठेकेदार की मनमानी और उच्च अधिकारियों को गलत रिपोर्ट करने की शिकायत की। उप सरपंच शंकर लाल मेरावत, पूर्व सरपंच ओंकार लाल भलावत, कन्हैया लाल ठाकरोत, दर्शन मेनारिया, राधेश्याम मेनारिया, बद्री भोगीत, कालू लाल दोलावत सहित ग्रामीण उपस्थित थे। ग्रामीणों ने सख्ती से कहा कि कच्चे नालों के बहाव को यथावत नहीं किया गया तो वह सिक्सलेन के निर्माण कार्य को रूकवा देंगे। इसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।
रूकावट पर होगी कार्रवाई ( strict action will be taken )
मौका निरीक्षण पर पहुंचे प्रोजेक्ट सीईओ चन्द्र शेखर ने सब कम्पनियों के ठेकेदार एवं सेक्शन हाइवे हेड को सख्त निर्देश दिए कि सड़क के दोनों तरफ अवरुद्ध मार्ग खोलने एवं नाला बनाने के दौरान काई होटल मालिक या प्लॉट मालिक कोई अड़चन करता है तो उसका नाम पता जिला प्रशासन व पुलिस को अवगत कराया जाएगा। गौरतलब है कि पूर्व में बाधित नाला निकासी की समस्या का समाधान करते हुए कुछ होटल व ढाबा मालिकों ने बाधा डालने की कोशिश की थी। इस बार अधिकारियों ने सख्ती भरे निर्देश दिए हैं।
यहां दिखाई दी सक्रियता
टाटा हाइवे निर्माण कम्पनी के डिप्टी मैनेजर पराग श्रीवास्तव ने बताया कि शनिवार को मार्वल होटल के यहां से मिट्टी को हटाकर 9 पाइप और 3 पाइप की लाइन ढाई की ढाबा के यहां खुदाई कर डाली गई। ये कार्य मेनार पुलिया तक सड़क के दोनों तरफ कार्य पूरा होने तक जारी रहेगा। पत्रिका ने उठाया मामलाराजस्थान पत्रिका ने हाइवे निर्माण को लेकर बरती जा रही लापरवाही को समय समय प्रमुखता से खबरों की जगह स्थान दिया। इसके बाद प्रशासनिक अमले ने खामियों को लेकर सुध ली। गौरतलब है कि मेनार के दोनो जलाशयों पर प्रतिवर्ष सैकड़ों प्रवासी पक्षी प्रवास के लिए आते हैं। प्राकृतिक नालों को पाटने के बाद इन तालाबों के खाली रहने की आशंकाएं बनी हुई थी।
दिए हैं आवश्यक निर्देश
तालाब से जुड़े प्राकृतिक बहाव वाले नालों में जमा मिट्टी व मलबा हटाने के निर्देश दिए हैं। आगामी दो से तीन दिन में समस्या निस्तारण हो जाएगा। कार्य में बाधा खड़ी करने वाले व्यक्ति की सूचना सीधे कलक्टर को दी जाएगी।
चन्द्र शेखर, सीईओ, उचित एक्सप्रेस हाइवे लिमिटेड