उदयपुर

युवा बेरोजगारों के भविष्‍य के साथ हो रहा खिलवाड़़, आवेदन के बाद दो बार आए कॉल लेटर, नहीं हुई ये परीक्षा

वर्ष 2013 में पीडब्ल्यूडी इंजीनियर्स की भर्ती का मामला...भर्तियां रद्द हुई या इंजीनियर करें इंतजार!

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उदयपुर . युवा बेरोजगारों में सरकारी नौकरी की आस जगाने के बाद तत्कालीन सरकार की सत्ता बदली क्या हुई, लोक निर्माण विभाग ने सुस्ती की चादर ही तान ली। पहले रिक्त पदों से बाधित कामकाज का हवाला देकर इंजीनियर भर्ती के रास्ते खोलने वाले विभागीय ओहदेदार अब अव्यवस्था को लेकर मौन साधे हुए हैं। दूसरी ओर आवेदन प्रक्रिया के हिस्सेदार बेरोजगार इंजीनियर्स दो बार भेजे गए कॉल लेटर से बंधी उम्मीदों को लेकर परीक्षा की तैयारियों में लगे हुए हैं। उन्हें निराशा इस बात की है कि सरकार की ओर से अब तक किसी माध्यम से स्पष्ट नही किया गया है कि संबंधित परीक्षा रद्द की गई है या फिर आगामी दिनों में इस परीक्षा को लेकर सरकार की कोई नई कार्ययोजना है।

समस्या से बेरोजगारी का शिकार आवेदक अब ओवरएज भी होने वाले हैं। गौरतलब है कि कनिष्ठ अभियंताओं के लिए तत्कालीन सरकार की ओर से 331 पदों की भर्ती निकाली गई थी। आवेदन में सामान्य वर्ग के लिए न्यूनतम उम्र 30 वर्ष निर्धारित की गई थी। मामले को लेकर विभागीय मंत्री युनूस खान से संपर्क करने का प्रयास किया, लेकिन उनसे सम्पर्क नहीं हो सका।

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आरटीआई में मिला यह जवाब
सूचना के अधिकार के तहत प्राप्त जानकारी में लोक निर्माण विभाग जयपुर के मुख्य अभियंता कार्यालय ने भी गोलमोल जवाब देकर आवेदकों को गुमराह किया है। इसमें बताया है कि कनिष्ठ अभियंता सिविल (डिग्री/ डिप्लोमा) को लेकर जारी विज्ञप्ति 1/2013 में आगे कोई कार्रवाई किया जाना अपेक्षित नहीं है। भर्ती को लेकर प्रदेश सरकार की उच्च स्तरीय बैठक 22 सितम्बर 2014 और जारी मिनिट्स ऑफ 8 जनवरी 2015 के तहत इस बारे में निर्णय लिया गया है। आरटीआई में ही बताया गया कि आवेदकों की परीक्षा शुल्क लौटाने की प्रकिया विचाराधीन है। सूचना के जवाब में ही बताया गया कि सहायक अभियंता के 307 पदों को भरे जाने की प्रक्रिया सरकार को भेजी गई है।


यूं चला क्रम

वर्ष 2013 में सरकार स्तर पर विभागीय साइट पर इंजीनियर्स की भर्ती निकाली गई। करीब सवा महीने की अवधि में प्रदेश भर से हजारों की संख्या में आवेदकों ने आवेदन भरे। प्रति आवेदन 500 रुपए निर्धारित शुल्क भी विद्यार्थियों की ओर से अदा किया गया। इसके बाद फरवरी 2014 में विभाग स्तर पर आवेदकों को कॉल लेटर जारी हुआ। सत्ता परिवर्तन के बाद वर्तमान सरकार की ओर से भी आवेदकों को कॉल लेटर भेजा गया, लेकिन परीक्षा की तिथि आज तक तय नहीं की गई।

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Published on:
02 Jan 2018 02:24 pm
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