उदयपुर

कैलाश मानसरोवर: अपना यात्रा प्रमाण पत्र लाओ, 1 लाख की सहायता पाओ, देवस्थान विभाग उदयपुर ने जारी किया आदेश

राजस्थान के मूल निवासियों को कैलाश मानसरोवर यात्रा पर एक लाख रुपए आर्थिक सहायता मिलेगी। विदेश मंत्रालय से यात्रा पूरी प्रमाण पत्र प्रस्तुत करने पर, देवस्थान विभाग सहायक आयुक्त या उपखंड कार्यालय में ऑनलाइन/ऑफलाइन आवेदन करना होगा।
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Oct 03, 2025
Kailash Mansarovar
Photo: Patrika

उदयपुर: हिमालय पर्वत शृंखला में चीन की सीमा पर स्थित कैलाश मानसरोवर की यात्रा करने वाले राजस्थान के मूल निवासियों को देवस्थान विभाग की ओर से एक लाख रुपए की सहायता दी जाएगी। यह राशि उन्हीं श्रद्धालुओं को देंगे, जिन्होंने भारतीय विदेश मंत्रालय के माध्यम से यात्रा पूरी की हो।


श्रद्धालु को कैलाश मानसरोवर की यात्रा पूरी करने के बाद दो महीने में आवेदन करना होगा। विदेश मंत्रालय से जारी प्रमाण पत्र देवस्थान विभाग सहायक आयुक्त कार्यालय या उपखंड अधिकारी कार्यालय में देना होगा। दस्तावेज जांच के 15 दिन में स्वीकृति जारी कर सहायता राशि चेक से देंगे। राज्य के 100 तीर्थ यात्रियों को इसका लाभ दिया जाएगा।


आवेदन की प्रक्रिया


यात्रियों की सहायता के लिए आवेदन की प्रक्रिया ऑनलाइन होगी। ऑफलाइन स्थिति में आवेदन पत्र विभागीय वेबसाइट से डाउनलोड कर देवस्थान विभाग सहायक आयुक्त कार्यालय में जमा कराया जा सकता है। आवेदन निर्धारित से अधिक प्राप्त होते हैं, तो कम्प्यूटराइज्ड लॉटरी से चयन होगा। यात्रा जुलाई से सितंबर 2025 के बीच होनी चाहिए। आवेदन की अंतिम तिथि 30 नवंबर है।


यह है पूरी योजना


कैलाश मानसरोवर के यात्रियों को आर्थिक सहायता देने की योजना 1 अप्रैल 2011 में शुरू हुई। इसका उद्देश्य प्रदेश के मूल निवासी श्रद्धालुओं को आर्थिक सहायता देना, जो विदेश मंत्रालय से कैलाश मानसरोवर यात्रा पूरी कर लौटे हों। हर यात्री को एक लाख रुपए सहायता राशि दी जाती है।


योजना की प्रमुख शर्तें


-लाभार्थी राजस्थान का मूल निवासी होना चाहिए।
-यात्रा विदेश मंत्रालय के माध्यम से की गई हो।
-विदेश मंत्रालय से जारी प्रमाण पत्र जरूरी है।
-एक व्यक्ति को एक बार ही सहायता मिलेगी।

Updated on:
03 Oct 2025 01:20 pm
Published on:
03 Oct 2025 12:24 pm