अधिकारियों ने मंदिर परिसर का व्यापक दौरा कर ये निर्णय लिए हैं
उज्जैन. सावन में सभी महाकाल मंदिर में बाबा महाकाल के दर्शन और पूजन के लिए लालायित रहते हैं। खासतौर पर सावन सोमवार को तो मंदिर में भक्तों की भीड़ उमड़ पड़ती है। यही कारण है कि इस बार भी सावन के पहले सोमवार को महाकाल मंदिर में भगदड़ की स्थिति बन गयी थी। मंदिर में सोमवार को ज्यादा श्रद्धालु आने के बाद कई बार बैरिकेडिंग टूटी और कई महिलाएं व बच्चे नीचे गिर गए थे। हालांकि कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ लेकिन इससे व्यवस्थाओं की कलई खुल गई।
मंदिर ( Mahakal Temple ) में प्रवेश व्यवस्था लड़खड़ा जाने से अब इसमें बदलाव किए गए हैं। सावन के दूसरे सोमवार से नई व्यवस्था लागू होगी। मंदिर में अब श्रद्धालुओं को दो गेटों से प्रवेश दिया जाएगा। उज्जैन कलेक्टर आशीष सिंह ने बताया कि अब श्रद्धालुओं को गेट नंबर 3 और शंख द्वार दोनों जगहों से प्रवेश करने दिया जाएगा। सावन सोमवार (Sawan Somwar) को उमड़नेवाली भारी भीड़ को देखते हुए यह व्यवस्था बनाई गई है।
सावन के दूसरे सोमवार के लिए तैयार नए प्लान के अनुसार श्रद्धालु शंख द्वार और गेट नंबर 3 दोनों से मंदिर में प्रवेश कर सकेंगे। नए प्लान के अनुसार शंख द्वार से प्रवेश कर भक्त फैसिलिटी सेंटर होते हुए गेट नंबर 6 पर पहुंचेंगे। इसके बाद कार्तिकेय मंडपम होते हुए महाकाल मंदिर के गणेश मंडपम की बैरिकेडिंग में जाकर महाकाल बाबा के दर्शन कर सकेंगे। प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार दो प्रवेश द्वार खुलने से भीड़ को आसानी से नियंत्रित भी किया जा सकेगा।
अधिकारियों ने मंदिर परिसर का व्यापक दौरा कर ये निर्णय लिए हैं। अधिकारियों का मानना है कि महाकाल मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओ के लिए दो लाइन हो जाने से भीड़ एक जगह इकट्ठा नहीं होगी। दोनों गेटों पर अलग—अलग सुविधा भी होगी। एक गेट पर शीघ्र दर्शन की सुविधा दी जाएगी जबकि दूसरे गेट पर आम भक्त आ सकेंगे। शीघ्र दर्शन के 250 रुपए की टिकट खरीदना होगा। आम श्रद्धालुओं के लिए दूसरा गेट होगा जहां से ऑनलाइन प्री बुकिंग कराकर दर्शन करने आनेवालों को प्रवेश दिया जाएगा।
एक की बजाए दो गेट से प्रवेश देने की व्यवस्था के साथ ही महाकाश दर्शन का समय भी बढ़ाया गया है। बड़ी संख्या में बिना बुकिंग के आनेवाले श्रद्धालुओं के कारण यह बदलाव किया गया है। यहां आनेवाले भक्त आसानी से महाकाल के दर्शन कर सकें इसके लिए दर्शन का समय 2 घंटे बढ़ा दिया गया है। अब सुबह 5 से 11 बजे तक की बजाय दिन में 1 बजे तक श्रद्धालुओं को प्रवेश दिया जाएगा। मंदिर में प्रवेश का समय बढ़ाने की यह व्यवस्था भी दूसरे सावन सोमवार से लागू होगी।