
Mahakaleshwar Temple Master Plan: महाकालेश्वर मंदिर प्रबंध समिति की बैठक सोमवार शाम को महाकाल महालोक कंट्रोल रूम में हुई। इसमें अहम बिंदुओं पर निर्णय और आगामी सिंहस्थ को देखते हुए श्रद्धालुओं को दी जाने वाली सुविधाओं पर विस्तार से चर्चा की गई। अधिकतर फोकस डिजिटल नवाचार और अवसंरचना विकास पर रहा। कलेक्टर रोशन कुमार सिंह की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में श्रद्धालुओं की सुविधाओं, सुरक्षा और मंदिर के प्रशासनिक ढांचे को आधुनिक बनाने के लिए कई बड़े निर्णय लिए गए।
समिति ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 29974.37 लाख (लगभग 300 करोड़) का प्रस्तावित बजट पारित किया है। श्रद्धालुओं को धूप और बारिश से बचाने के लिए महाकाल महालोक में 11 करोड़ रुपए की लागत से फैब्रिकेशन शेड लगाए जाएंगे।
मंदिर में दर्शन व्यवस्था को स्मार्ट बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। इसके तहत दर्शन के लिए क्यूआर बेस्ड फ्लेप बैरियर्स स्थापित किए जाएंगे, जिससे भीड़ प्रबंधन और सुगम दर्शन सुनिश्चित होगा। मंदिर की वेबसाइट पर 'अन्नक्षेत्र मॉड्यूल' शुरू होगा। इसके माध्यम से श्रद्धालु अब अन्नदान और भोजन की अग्रिम ऑनलाइन बुकिंग कर सकेंगे। संध्या एवं शयन आरती के आध्यात्मिक महत्व का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाएगा।
आगामी सिंहस्थ को देखते हुए समिति ने सुरक्षा और दान व्यवस्था को मजबूत करने का निर्णय लिया है।80 नई स्टील दानपेटियां (50 बड़ी और 30 छोटी) बनाई जाएंगी। दर्शन कतार प्रबंधन के लिए 259 लाख की लागत से 1000 नए बैरिकेड्स और भारी वजन वाले स्टेनलेस स्टील बैरिकेड्स के लिए 59.14 लाख स्वीकृत किए गए हैं। मंदिर और महालोक के कंट्रोल रूम का एकीकरण कर उन्हें आधुनिक बनाया जाएगा ताकि पूरी निगरानी एक ही स्थान से प्रभावी ढंग से हो सके।
प्रबंध समिति ने मंदिर(Mahakaleshwar Temple Master Plan) के कर्मचारियों के हित में निर्णय लेते हुए उन्हें महंगाई भत्ते (डीए) के साथ वेतन भुगतान करने का अनुमोदन किया है।
बैठक में एसपी प्रदीप शर्मा, महंत विनीत गिरी महाराज, मंदिर प्रशासक प्रथम कौशिक, निगम आयुक्त अभिलाष मिश्रा, एडीएम अतेंद्र सिंह और डॉ. सीमा शर्मा सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।