उन्नाव

‘उद्घाटन के 12 दिन बाद ही धंस गया एक्सप्रेस-वे’, उन्नाव में कोरारी के पास 5 से 7 मीटर धंसी सड़क, सपा ने उठाए सवाल

Unnao News: उद्घाटन के महज 12 दिन बाद ही 4200 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित लखनऊ-कानपुर ग्रीनफील्ड राष्ट्रीय एलिवेटेड एक्सप्रेसवे का एक बड़ा हिस्सा बारिश के कारण धंस गया है।
2 min read
Jul 26, 2026
Unnao Greenfield Expressway Sinks
उन्नाव में ग्रीनफील्ड एलिवेटेड एक्सप्रेस-वे धंसा

Unnao Greenfield Expressway: उत्तर प्रदेश के उन्नाव जिले में एक बड़ी खबर सामने आई है। कानपुर से लखनऊ जाने वाला ग्रीनफील्ड नेशनल एलिवेटेड एक्सप्रेसवे उद्घाटन हुए सिर्फ 12 दिन बीते थे कि कोरारी के पास सड़क का एक हिस्सा धंस गया। करीब 5 से 7 मीटर लंबा हिस्सा नीचे बैठ गया। इसकी वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से फैल गई और अब लोग निर्माण की गुणवत्ता पर सवाल उठा रहे हैं।

लगातार बारिश की वजह खिसक गई मिट्टी

स्थानीय लोगों के मुताबिक, पिछले कुछ दिनों से लगातार बारिश हो रही थी। उसी की वजह से सड़क के नीचे की मिट्टी खिसक गई और सड़क बैठ गई। घटना कानपुर-लखनऊ लेन में हुई। सूचना मिलते ही अधिकारियों की टीम मौके पर पहुंच गई। उन्होंने तुरंत पैच वर्क शुरू कर दिया और यातायात को ज्यादा देर तक नहीं रोका। फिलहाल सड़क को दुरुस्त कर दिया गया है, लेकिन इस घटना ने सबको चौंका दिया है।

वीडियो शेयर सपा ने बोला हमला

समाजवादी पार्टी के नेता मधुसूदन यादव ने इस वीडियो को शेयर करते हुए सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि करोड़ों रुपये खर्च करके बनाई गई इस परियोजना की शुरुआत से ही गुणवत्ता पर शक था। उद्घाटन के इतने कम दिनों में सड़क का धंसना इसी बात की पुष्टि करता है। उन्होंने मांग की है कि निर्माण एजेंसियों की पूरी कार्यप्रणाली की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।


ये एक्सप्रेसवे यातायात के लिए बेहद जरूरी है। लोग लंबे समय से इसकी उम्मीद कर रहे थे। लेकिन इतनी जल्दी समस्या आ जाना चिंता बढ़ा रहा है। स्थानीय लोग कह रहे हैं कि अगर बारिश में ही सड़क बैठने लगे तो आगे क्या होगा? क्या निर्माण में कहीं कोई कमी रह गई? क्या मिट्टी टेस्टिंग या अन्य मानक ठीक से फॉलो नहीं किए गए?

मरम्मत का काम जारी

अधिकारियों का कहना है कि बारिश की वजह से ऐसा हुआ है और मरम्मत का काम चल रहा है। लेकिन राजनीतिक गलियारों में बहस तेज हो गई है। विपक्ष इसे मुद्दा बनाने की कोशिश कर रहा है। अब सबकी नजर इस बात पर है कि प्रशासन इसकी असली वजह क्या थी, इसकी तकनीकी जांच करवाता है या नहीं। ऐसी घटनाएं आम लोगों के मन में सड़क निर्माण को लेकर संदेह पैदा करती हैं।

Updated on:
26 Jul 2026 05:51 pm
Published on:
26 Jul 2026 05:51 pm