एक माह पहले पानी में डूबने से बालक की मौत के मामले में उभांव पुलिस ने डीआईजी के निर्देश पर पांच लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।
डीआईजी को दिए गए शिकायती पत्र में मृतक के पिता वार्ड नम्बर 13 (जहीरगंज)निवासी शोएब अहमद ने आरोप लगाया कि उसके मोहल्ले का ही साहब हुसैन एक वर्ष पहले मेरी गाड़ी का ड्राइवर था। उसे 15 हजार प्रति माह देते थे। शोएब के अनुसार एक दिन साहब हुसैन ने घर पर आकर एडवांस के रूप में कुछ पैसे की मांग की। पैसा नहीं देने पर उसने मुझे भविष्य में अंजाम भुगतने की धमकी दी।
डीआईजी को लिखे पत्र में पिता ने कहा है कि साजिश के तहत साहब हुसैन ने अपने बेटे तौहीद से हमारे बेटे 15 वर्षीय अल्तमश की एक माह पहले ही दोस्ती करायी। छह अप्रैल की शाम तौहीद मेरे बेटे अल्तमस को घर से लेकर गया। इस दौरान मोहल्ले के तीन लड़कों के साथ मेरा बेटा बगल की पोखरी में नहाने चला गया।
आरोप लगाया कि नहाते समय ही तीनों लड़कों ने गहरे पानी की ओर अल्तमश को धकेल दिया, जिससे वह पानी में डूब गया। देर शाम तक घर वापस नहीं आने पर परिजनों ने उसकी तलाश शुरू कर दी।
मोहल्ले के लोग उसे ढूंढते हुए पोखरी के पास पहुंचे तो वहां एक चप्पल पड़ा हुआ था।सूचना पाते ही चौकी प्रभारी बीबी सिंह मौके पर पहुंचे। वे खुद पोखरी में कूद पड़े और अल्तमश को मृत अवस्था में पोखरी से बाहर निकालकर पोस्टमार्टम के लिए भेजवाया। मुकदमा दर्ज करने को लेकर उभांव पुलिस द्वारा कोई कार्रवाई नहीं करने पर मृतक के पिता ने डीआईजी से न्याय की गुहार लगाई थी।