पत्रिका ने 13 अगस्त को चलाई थी खबरअह आराजी लाइन के गांव में उपभोक्ताओं के घरों को रोशन करने की प्रक्रिया हुई शुरूपूर्व में मीटर लगाने के आधार पर भेजे गए बिल होंगे खारिज
वाराणसी. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की हर घर को रोशन करने वाली सौभाग्य योजना के लाभार्थियों के लिए अच्छी खबर है। खास तौपर आराजी लाइन विकास खंड के उन उपभोक्ताओं के लिए तो बहुत ही अच्छी सूचना है कि उनके घर अब रोशन होने लगे हैं। ये वो उपभोक्ता हैं जिनके यहां बिजली के मीटर तो लगा दिए गए थे, पर कनेक्शन नहीं मिला था और मीटर के बिना पर ही उनसे वसूली भी शुरू कर दी गई थी। पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम की इस धांधली की खबर पत्रिका ने चलाई और उसका ये असर हुआ कि ऐसे सभी उपभोक्ताओं को बिजली कनेक्शन भी मिलने लगा है।
बता दें कि पत्रिका ने 13 अगस्त को ही यह खबर चलाई थी कि रोहनियां, राजातालाब, करनाडांडी, कचहरियां, हरिनामपुर, मेहदीगंज आदि गांव में सौभाग्य योजना के तहत मीटर तो लगाए गए पर उन उपभोक्ताओं के घर विद्युत कनेक्शन दिए बगैर ही बिजली बिल भेजा जा रहा है। उस खबर को निगम के अफसरों ने संज्ञान लिया। अधिशासी अभियंता राजेंद्र पटेल ने तभी कहा कि शीघ्र ही उपभोक्ताओं के घर तक कनेक्शन करा देंगे। सोमवार को विद्युत विभाग के लोग गांव में पहुंचे और घर तक विद्युत देने का कार्य शुरू किया।
इन पीड़ित उपभोक्ताओं का कहना है कि विद्युत संयोजन होने के पूर्व की सारी बकाया राशि समाप्त की जानी चाहिए अन्यथा की स्थिति में वे आंदोलन को बाध्य होंगे। अधिशासी अभियंता राजेंद्र पटेल ने बताया कि उपभोक्ताओं को जब से विद्युत आपूर्ति की जाएगी तब से ही विद्युत बिल लिया जाएगा। कहा कि जब पहले विद्युत संयोजन हुआ ही नहीं है तो वह उस राशि को लेने के हकदार नहीं है। बताया कि उपभोक्ता अपने बिलो को लेकर उनसे बरईपुर कार्यालय में मिलें जहां उपभोक्ताओं के पक्ष में उचित कार्रवाई की जाएगी।
बता दें कि इस मामले को लेकर उपभोक्ता क्षेत्रीय विधायक से लेकर बिजली विभाग के आला अफसरों तक गुहार लगा चुके थे। क्षेत्रीय सामाजिक कार्यकर्ता राजकुमार गुप्ता ने भी इस मामले को सीएम योगी, डीएम, एसडीओ विद्युत विभाग के उच्चाधिकारियों तक पहुंचाया था तथा उत्तर प्रदेश सरकार को भी इसकी सूचना भेजी थी।