
Electricity department news: वाराणसी मैं कार्यरत बिजली विभाग के दो अधिकारियों और बलिया के तत्कालीन अधिशासी अभियंता से 10 लाख रुपए से अधिकारी की वसूली को लेकर पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (डिस्कॉम) के प्रबंध निदेशक शंभू कुमार ने निर्देश जारी किए हैं। बताया जा रहा है कि संबंधित अधिकारी ट्रांसफार्मर के रखरखाव और मेंटेनेंस में लापरवाही बरत रहे थे। इसके बाद विभाग की तरफ से उन अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। प्रबंध निदेशक ने निर्देश दिया है कि संबंधित अधिकारियों के वेतन से 10.34 लाख रुपए की वसूली की जाए।
जानकारी के मुताबिक, पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (डिस्कॉम) के प्रबंध निदेशक शंभू कुमार ने एक पत्र जारी करते हुए अधिशासी अभियंता और वाराणसी में तैनात दो उपखंड अधिकारियों से कुल 10.34 लाख रुपए की वसूली के निर्देश जारी किए हैं। वहीं, तीनों के खिलाफ आरोप पत्र भी दाखिल किए गए हैं और विभागीय कार्रवाई करने की भी बात कही गई है। एमडी द्वारा जारी किए गए आरोप पत्र के बाद विभाग में हलचल मची हुई है।
जानकारी के मुताबिक, बलिया के विद्युत वितरण खंड रसड़ा में कार्यरत तत्कालीन अधिशासी अभियंता अभिषेक सिंह यादव से 7.46 लाख रुपए की वसूली किए जाने को लेकर निर्देश जारी किया गया है। जांच में पाया गया कि अभियंता ने ट्रांसफार्मर के रखरखाव और मॉनिटरिंग में रुचि नहीं दिखाई। वहीं, विभाग की ओर से उन्हें स्पष्टीकरण जारी करने के लिए भी निर्देशित किया गया था लेकिन उन्होंने इसका भी कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया, बता दें कि वर्तमान में अधिशासी अभियंता अभिषेक सिंह संत कबीर नगर जिले में तैनात हैं।
वहीं, वाराणसी के नगरीय विद्युत वितरण खंड (6), सारनाथ में तैनात उपखंड अधिकारी आनंद सिंह पर 29,777 रुपए की वसूली का आदेश जारी हुआ है। उनके साथ ही नगरीय विद्युत वितरण (5) में तैनात एसडीओ अभिषेक कुमार मौर्य के खिलाफ भी कार्रवाई की गई है और उनसे 2. 61 लाख रुपए की वसूली को लेकर निर्देश जारी किए गए हैं। जांच में पता चला है कि दोनों ने ट्रांसफार्मर के रखरखाव में अनियमितता बरती और क्षतिग्रस्त दर को कम करने के लिए कोई भी प्रभावी कदम नहीं उठाया।
एमडी ने स्पष्ट रूप से कहा है कि जुर्माने की राशि तीनों अधिकारियों के वेतन से कटौती की जाए। इसके साथ ही केवल आर्थिक दंड ही नहीं बल्कि उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई भी की जाएगी। एमडी ने स्पष्ट किया है कि इस तरह की लापरवाही करने के बाद जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई आगे भी सुनिश्चित की जाएगी। वहीं, बिजली व्यवस्था में सुधार और ट्रांसफार्मर हो के रखरखाव को लेकर अधिकारियों को भी निर्देशित किया गया है।