मीडिया कार्यशाला में कलेक्टर बोले मॉकपोल के दौरान पहले से सही करानी होगी मशीन...
विदिशा@अनिल सोनी की रिपोर्ट...
इस बार के विधानसभा और लोकसभा चुनावों के दौरान ईवीएम मशीन के साथ वीवीपेट भी लगी होगी। इसी संबंध में जानकारी देने के लिए कलेक्टर अनिल सुचारी और डिप्टी निवार्चन अधिकारी ने शुक्रवार को कलेक्ट्रेट सभागार में मीडिया कार्यशाला का आयोजन किया।
वहीं कार्यशाला के दौरान जो सबसे खास बात सामने आई वो ये थी कि चुनाव की इस मशीन की जानकारी देते समय भी करीब 10 मिनट तक यह मशीन चालू ही नहीं हो सकी। जिसके बाद कलेक्टर ने कहा कि मॉकपोल के दौरान पहले से मशीन चालू करवाकर रखना होंगी। मशीन चालू नहीं होने पर कार्यशाला में मौजूद लोगों ने तरह-तरह के सवाल पूछे और अधिकारी सफाई देते नजर आए।
कलेक्टर के अनुसार इस बार चुनाव ईवीएम के साथ ही उसके साथ एक अन्य मशीन वीवीपेट से होंगे। जिससे ईवीएम से मतदान करने के सात सेकंड के भीतर वीवीपेट मशीन में मत डालने वाली पर्ची आएगी।
जिसमें दिखेगा कि मतदाता ने किसे वोट दिया और इसके बाद पर्ची मशीन में नीचे गिर जाएगी। इससे मतदान के दौरान होने वाले किसी भी प्रकार के फर्जीवाड़े को रोका जा सकेगा।
शिकायत फर्जी निकली तो होगी एफआईआर...
इस दौरान अधिकारियों ने बताया कि इस नई मशीन का उपयोग से चुनाव में करने से किसी भी प्रकार के फर्जीवाड़े की गुंजाइश नहीं रह जाएगी।
फिर भी यदि कोई मतदान करने के बाद कहता है या कोई शिकायत करता है कि उसने जो बटन दबाया उस प्रत्याशी को मत नहीं मिला या किसी भी प्रकार का फर्जीवाड़े का आरोप लगाता है, तो इसके लिए उसे शपथपत्र पीठासीन अधिकारी को देना होगा। जिसमें शिकायत सही पाए जाने पर इसकी रिपोर्ट ईसीआई को जाएगी। वहीं जांच में शिकायत के गलत पाए जाने पर शिकायतकर्ता के खिलाफ एफआईआर की जाएगी।
एफआईआर की बात सुनते ही भड़क गए लोग...
कार्यशाला में मुख्य रूप से इस मुद्दे को लेकर अधिकारियों से बहस भी हुई। नागरिकों का कहना था कि यदि शिकायतकर्ता शिकायत करता है और झूठी शिकायत पाई जाती है, तो एफआईआर करने पर तो कोई शिकायत ही नहीं करेगा। जिस पर फिर अधिकारी बचते नजर आए और कहा कि अभी यह अमल में नहीं है। इस पर विचार चल रहा है और इसलिए सभी के सुझाव मांगे जा रहे हैं।