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मां की मौत होते ही बेटा कोर्ट पहुँचा, 4200 करोड़ का चेल्सी महल हारा और वसीयत ने सारा खेल पलट दिया !

Chelsea townhouse inheritance dispute: एक स्विस अरबपति मां की मौत के बाद बेटे ने 4200 करोड़ के चेल्सी घर के लिए कोर्ट में मुकदमा किया, दावा किया मां को डिमेंशिया था। लंदन हाईकोर्ट ने मां की आखिरी वसीयत को सही माना, बेटा पूरी जंग हार गया।

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Nov 19, 2025
चेल्सी टाउनहाउस विरासत विवाद। (फोटो: एआई जनरेटेड.)

Chelsea townhouse inheritance dispute: यह एक स्विस अरबपति उर्सुला रैडक्लिफ(Ursula Radcliff) की कहानी है, जिसने मरने से पहले वसीयत बदल दी और लंदन के सबसे पॉश इलाके चेल्सी में 4200 करोड़ के पांच मंजिला चेल्सी टाउन हाउस से अपने बड़े बेटे रॉबर्ट को पूरी तरह बेदखल (Chelsea townhouse inheritance dispute) कर दिया। रॉबर्ट ने दावा कर आरोप लगाया किया कि उसकी मां को डिमेंशिया था, छोटी बहन क्लाउडिया ने जबरदस्ती वसीयत (Chelsea town house inheritance dispute) हड़प ली– इसके लिए उसने 220 करोड़ रुपये तक खर्च किए। अब 20 साल मां-बाप के साथ रहने वाला बेटा कोर्ट पहुंचा, लेकिन लंदन हाईकोर्ट ने मां की आखिरी वसीयत को सही माना। नतीजतन बेटा पूरी लड़ाई हार गया और 4200 करोड़ का महल छोटी बहन के पास रहा और रॉबर्ट को कुछ नहीं मिला।

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घर ऐसा कि देख कर राजा भी जल जाएं!

यह टाउनहाउस चेल्सी के बायवॉटर स्ट्रीट (Bywater Street) पर है। इसमें 7 बेडरूम, प्राइवेट लिफ्ट, रूफ टैरेस, वाइन सेलर, जिम और अपना स्टाफ क्वार्टर है। बाजार में इसकी कीमत 50 मिलियन पाउंड ( यानि करीब 4200 करोड़ रुपये) है। यह घर उर्सेला (Ursula) ने 2018 में खरीदा था और वह यहीं रहती थीं। उनकी कुल जायदाद 120 मिलियन पाउंड (लगभग 10,000 करोड़) बताई जाती है।

मां ने आखिरी वक्त में वसीयत क्यों पलटी ?

उर्सेला (Ursula) को 2023 में डिमेंशिया हो गया था। कोर्ट पेपर्स के मुताबिक छोटी बेटी क्ला​उडिया (Claudia) और उसके पति मार्को (Marco) ने मां को अपने साथ स्विट्जरलैंड ले जा कर उसे अलग-थलग कर दिया। फिर वकील बुला कर नई वसीयत बनवाई, जिसमें सारा पैसा और चेल्सी वाला घर क्लाउडिया (Claudia) को दे दिया गया। रॉबर्ट (Robert) को एक पैसे की भी हिस्सेदारी नहीं मिली। रॉबर्ट (Robert( का दावा था– मां उस वक्त फैसला लेने की हालत में नहीं थीं, ये “अन्ड्यू इन्फ्लुएंस” है।

बेटे का दर्द: “मेरी मां को मुझ से दूर रखा गया ”

रॉबर्ट रैडक्लिफ (Robert Radcliff) खुद एक सफल फाइनेंशियर है, उसका लंदन-न्यूयॉर्क में बिजनेस है। उसने कोर्ट में कहा – “मां को 2023 में जबरदस्ती स्विट्जरलैंड ले जाया गया। मुझे उनसे मिलने नहीं दिया जाता था। फोन भी क्लाउडिया (Claudia) उठाती थी। आखिरी 6 महीने मैं मां से सिर्फ 2 बार मिल पाया।”

उर्सेला (Ursula) को भूलने की बीमारी थी

उसने मां की मेडिकल रिपोर्ट भी कोर्ट में पेश की, जिसमें लिखा है कि उर्सेला Ursula को भूलने की बीमारी थी और वो अपना नाम तक भूल जाती थीं।

छोटी बेटी का जवाब: “मां ने यह सब अपनी मर्जी से किया”

क्लाउडिया (Claudia) और उसका पति Marco ने कोर्ट में कहा – “मां का दिमाग बिल्कुल ठीक था। वो रॉबर्ट Robert से नाराज थीं, क्योंकि वो कभी मिलने नहीं आता था। मां ने खुद कहा था – रॉबर्ट Robert को कुछ मत देना।” क्लाउडिया Claudia ने यह भी दावा किया कि मां ने 5 अलग-अलग वसीयतें बनाई थीं, आखिरी वाली उनकी आखिरी इच्छा थी।

कोर्ट में अब क्या होगा ?

बहरहाल लंदन हाईकोर्ट में केस चल रहा है। रॉबर्ट (Robert) ने मांगी गई पूरी प्रॉपर्टी में अपना हिस्सा (कम से कम 40 मिलियन पाउंड) रखा। अगर कोर्ट रॉबर्ट (Robert) के हक में फैसला देता है तो यह ब्रिटेन की सबसे महंगी फैमिली प्रॉपर्टी जंग बन जाएगी। इस केस की अगली सुनवाई जनवरी 2026 में होगी।

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