Big Revelation About Chinese Spy Balloon: इस साल के शुरुआती समय में चीन के स्पाई बैलून की हर तरफ चर्चा हुई थी, जिसे अमरीका में जासूसी करते पाया गया था। अब इस स्पाई बैलून के एक बड़ा खुलासा हुआ है।
इस साल की शुरुआत में जिस खबर की हर तरफ चर्चा हुई, वो थी चीन (China) के स्पाई बैलून (जासूसी गुब्बारे) का अमरीका (United States Of America) के एयर स्पेस में दिखना। साल के शुरुआती समय में अमरीका में चीन का यह जासूसी गुब्बारा दिखाई दिया। पहली बार यह स्पाई बैलून 28 जनवरी को अमरीका के नॉर्थर्न इलाके के एयर स्पेस में दिखाई दिया। इस जासूसी गुब्बारे को अमरीकी एयर फोर्स ने 4 फरवरी को साउथ कैरोलिना (South Carolina) के ऊपर मार गिराया था। इसके बाद अमरीका ने चीन पर जमकर निशाना साधा और दोनों देशों के संबंधों में भी खटास आ गई थी। हाल ही में इस जासूसी गुब्बारे और चीन के बारे में एक बड़ा खुलासा हुआ है।
अमरीका की जासूसी के किए अमरीकी तकनीक का ही इस्तेमाल
हाल ही में चीन और उसके जासूसी गुब्बारे के बारे में एक बड़ा खुलासा हुआ है। इस जासूसी गुब्बारे को मार गिराने के बाद से ही इसकी जांच-पड़ताल चल रही थी और हाल ही में खुलासा किया गया है कि चीन ने इस जासूसी गुब्बारे के ज़रिए अमरीका की जासूसी करने के लिए अमरीकी तकनीक का ही इस्तेमाल किया था।
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ऑडियो, वीडियो और फोटो जुटाने के लिए अमरीकी तकनीक का इस्तेमाल
हाल ही में अमरीकी खुफिया एजेंसियों ने खुलासा किया कि चीन ने अमरीका में स्पाई बैलून के ज़रिए जासूसी करते हुए ऑडियो, वीडियो और फोटो जुटाने के लिए व्यावसायिक रूप से उपलब्ध अमरीकी गियर का इस्तेमाल किया था। साथ ही इसमें चाइनीज़ सेंसर का भी इस्तेमाल किया गया था।
चीन ने किया था इनकार
अमरीका ने जब चीन पर जासूसी का आरोप लगाया था, तब चीन ने इससे इनकार किया था। चीन ने कहा था कि गुब्बारे का इस्तेमाल मौसम की जानकारी जुटाने के लिए किया गया था। पर अब अमरीकी खुफिया एजेंसियों के खुलासे से साफ हो गया है कि चीन झूठ बोल रहा था।
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