
इज़रायल (Israel) और लेबनान (Lebanon) के बीच कई बार सीज़फायर हुआ, लेकिन इसका कोई फायदा नहीं हुआ। लेबनान के आतंकी संगठन हिज़बुल्लाह (Hezbollah) के खिलाफ इज़रायल ने जंग छेड़ी हुई है और इसके तहत लेबनान में इज़रायली हमले रुकने का नाम नहीं ले रहे हैं। इसी साल 2 मार्च से इज़रायल ने लेबनान में हमले बढ़ा दिए थे। इन हमलों की वजह से मरने वालों की संख्या भी लगातार बढ़ रही है। लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने जानकारी दी है कि 2 मार्च से अब तक लेबनान में इज़रायली हमलों की वजह से मरने वालों की संख्या 4,322 हो गई है। इज़रायली हमले ऐसे ही जारी रहे, तो मरने वालों की संख्या भी बढ़ती रहेगी।
इज़रायली हमलों की वजह से घायलों की संख्या भी बढ़ रही है। 2 मार्च से अब तक इज़रायली हमलों में 12,210 लोग घायल हो चुके हैं और इस आंकड़े में हर दिन इजाफा हो रहा है।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) की मध्यस्थता में कई बार इज़रायल और लेबनान के बीच हुए सीज़फायर के बावजूद इज़रायली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू (Benjamin Netanyahu) ने अपनी सेना को लेबनान में कार्रवाई जारी रखने का आदेश दिया है। कुछ समय पहले ट्रंप ने कहा था कि नेतन्याहू जल्द ही लेबनान से अपनी सेना हटा सकते हैं, लेकिन नेतन्याहू ने साफ कर दिया है कि वह लेबनान से अपनी सेना नहीं हटाएंगे और जब तक ज़रूरत होगी, सेना को वहीँ रखेंगे।
हिज़बुल्लाह भी कर रहा है जवाबी हमले
इज़रायल को जवाब देने के लिए हिज़बुल्लाह भी एक्टिव है और क्षेत्र में इज़रायली सैनिकों पर हमला करने के साथ ही नॉर्थ इज़रायल में समय-समय पर ड्रोन अटैक्स के साथ ही रॉकेट अटैक्स भी कर रहा है। लेबनान में इज़रायली सेना के लगातार सीज़फायर उल्लंघन से नाराज़ हिज़बुल्लाह ने कुछ समय पहले बयान जारी करते हुए कहा था, "हम सीज़फायर के उल्लंघनों पर नज़र रख रहे हैं। लेबनान हमारी मातृभूमि है और इसकी और अपने लोगों की रक्षा करना हमारा हक है। दुश्मन लगातार सीज़फायर का उल्लंघन कर रहा है, जो गलत है और हम चुप नहीं बैठेंगे। इज़रायल के हमलों से लेबनान की रक्षा करना हमारा हक है।"