
America Visa: अमेरिका में ट्रंप प्रशासन ने 'बर्थ टूरिज्म' से जुड़े लोगों के खिलाफ वीजा प्रतिबंधों को सख्त कर दिया है। इसके साथ ही वीजा धोखाधड़ी की जानकारी देने के लिए एक नया ऑनलाइन सिस्टम भी शुरू किया गया है। इसमें फर्जी शादी और नकली नौकरी के ऑफर जैसी धोखाधड़ी की शिकायत की जा सकेगी।
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने बताया कि ये प्रतिबंध उन लोगों पर लागू होंगे जो पैसे लेकर विदेशियों को अमेरिका में बच्चे को जन्म देने के लिए लाने की व्यवस्था करते हैं। ऐसे लोगों में बर्थ टूरिज्म नेटवर्क के मालिक, अधिकारी, मैनेजर और बिचौलिए शामिल हैं। कुछ मामलों में उनके करीबी परिवार के सदस्य भी इन प्रतिबंधों के दायरे में आ सकते हैं।
मार्को रुबियो ने कहा कि बर्थ टूरिज्म नेटवर्क अमेरिकी इमिग्रेशन सिस्टम का इस्तेमाल मुनाफे के लिए अमेरिकी नागरिकता बेचने के लिए कर रहे हैं। उनके अनुसार, ये नेटवर्क वीजा अधिकारियों को गुमराह करने के लिए आवेदकों को तैयार करते हैं और अमेरिका में डिलीवरी कराने के लिए बड़ी रकम लेते हैं। नए नियमों के तहत विदेशों में ऐसे मेडिकल कर्मचारियों पर भी कार्रवाई हो सकती है, जो जानबूझकर बर्थ टूरिज्म में मदद करते हैं। मेडिकेड के गलत इस्तेमाल और इस तरह की यात्रा में दूसरे तरीकों से मदद करने वाले लोगों को भी दायरे में रखा गया है। यह कार्रवाई इमिग्रेशन एंड नेशनलिटी एक्ट की धारा 212(a)(3)(C) के तहत की गई है।
अमेरिकी विदेश विभाग ने वीजा धोखाधड़ी की जानकारी देने के लिए डिजिटल सिस्टम शुरू किया है। इसमें फर्जी यात्रा योजना, बिचौलियों के जरिए फर्जी शादी, नकली कंपनियां, झूठी नौकरी और बर्थ टूरिज्म से जुड़ी जानकारी दी जा सकती है। विभाग के मुताबिक, मिली जानकारी की समीक्षा कर कार्रवाई की जाएगी।
अमेरिकी विदेश विभाग के अनुसार, नियमों का उल्लंघन करने वालों का वीजा रद्द किया जा सकता है और मामले आपराधिक जांच के लिए भेजे जा सकते हैं। हालांकि, विभाग ने कार्रवाई से जुड़े आंकड़े जारी नहीं किए हैं। बर्थ टूरिज्म का मतलब बच्चे के जन्म के लिए दूसरे देश की यात्रा करना है, ताकि नवजात को वहां की नागरिकता मिल सके। अमेरिका में यह नियम 1868 के 14वें संविधान संशोधन में जन्म से नागरिकता के प्रावधान से जुड़ा है।