
वेनेज़ुएला (Venezuela) में 25 जून को तड़के सुबह बैक-टू-बैक 7.2 और 7.5 तीव्रता के भूकंप (Earthquakes) आए। वेनेज़ुएला के इतिहास में ये सबसे घातक भूकंप रहे, जिनकी वजह से तबाही मच गई। सरकारी आंकड़ों के अनुसार अब तक 235 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है और मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार यह संख्या 10,000 से 1,00,000 तक पहुंच सकती है। स्वास्थ्य मंत्रालय ने जानकारी दी कि 4,300 से ज़्यादा घायलों की पुष्टि हो गई है, जिनका अस्पतालों में इलाज चल रहा है। कई हज़ार लोग अभी भी लापता हैं। इसी बीच स्पेन (Spain) के विदेश मंत्रालय ने एक अपडेट जारी किया है।
स्पेन के विदेश मंत्रालय ने अपडेट जारी किया है कि वेनेज़ुएला में आए डबल भूकंपों में उनके दो नागरिकों की जान चली गई है। वहीँ 80 स्पैनिश लोग अभी भी लापता हैं, जिनकी तलाश की जा रही है।
वेनेज़ुएला के सरकारी आंकड़ों के अनुसार देश में आए विनाशकारी भूकंपों से करीब 70 हज़ार परिवार प्रभावित हुए हैं। बड़ी संख्या में अभी भी लोग सड़कों पर ही रह रहे हैं क्योंकि उन्हें अपने घर जाने से डर लग रहा है। वहीँ कई घर और इमारतों के तबाह होने की वजह से बड़ी संख्या में लोग बेघर भी हो गए हैं।
भूकंप राहत कार्यों में मदद के लिए अमेरिकी सेना की साउथकॉम (SOUTHCOM) यूनिट का अधिकारी वेनेज़ुएला पहुंचा। अमेरिकी मरीन कॉर्प्स के मेजर जनरल केविन जे. जैरार्ड (Kevin J. Jarrard) वेनेज़ुएला की राजधानी काराकस पहुंच गया है। जैरार्ड वहाँ वेनेज़ुएला में भूकंप राहत कार्यों के लिए अमेरिकी रक्षा विभाग की ओर से दी जा रही मदद की देखरेख करेगा।
वेनेज़ुएला में आए डबल भूकंप देश के इतिहास की सबसे बड़ी त्रासदियों में से एक है। रेस्क्यू टीम लगातार मलबे के नीचे फंसे लोगों को बाहर निकालने और लापता लोगों की तलाश में जुटी हुई है। इसी बीच एक चमत्कार देखने को मिला है। राजधानी काराकस के चाकाओ इलाके में डॉन पेपे बिल्डिंग के मलबे से रेस्क्यू टीम ने एक महिला को ज़िंदा बाहर निकाला है। वह महिला 24 घंटे से भी ज़्यादा समय तक मलबे के नीचे फंसी हुई थी। यह जानकारी मेयर गुस्तावो ड्यूक (Gustavo Duque) ने दी। मेयर ड्यूक ने यह भी बताया कि भूकंप से जुड़ी सभी घटनाओं से निपटने के लिए उनकी रेस्क्यू टीम तैनात है।