Israel Lebanon Border War: हिजबुल्लाह द्वारा इजरायली सेना के ठिकानों पर ड्रोन के झुंड (Drone Swarms) और गाइडेड मिसाइलों से किए गए ये हमले मध्य पूर्व के संघर्ष को एक नए और विनाशकारी स्तर पर ले आए हैं।
Hezbollah Drone Attack Israel: अमेरिका-इजरायल और ईरान की लड़ाई फिलहाल रुक गई है। शांति समझौते के तहत वार्ता के लिए इन देशों के प्रतिनिधित्व दल पाकिस्तान पहुंच गए है। लेकिन इजरायल और लेबनान के बीच जारी जंग थमने का नाम नहीं ले रही है। पिछले कुछ दिनों से इजरायली सेना कहर बनकर हिजबुल्लाह पर टूट पड़ी है। इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने भी अपनी सेना को खुली छुट दे दी है। इसी बीच खबर सामने आ रही है कि हिजबुल्लाह ने इजरायली सेना पर जोरदार हमला बोला है।
हिजबुल्लाह लगातार ड्रोन और मिसाइलों से इजरायली सेना को निशाना बना रहा है। लेबनानी सशस्त्र समूह का कहना है कि उसके लड़ाकों ने अदमित बस्ती में इजरायली सेना के बुनियादी ढांचे को रॉकेटों से निशाना बनाया। मेटुला में इजरायली सैनिकों और वाहनों के जमावड़े पर हमलावर ड्रोनों का एक झुंड छोड़ दिया। उन्होंने कहा है कि उसके लड़ाकों ने सीमावर्ती शहर ओडाइसेह में अल-अवेदा पहाड़ी पर स्थित एक मरकावा टैंक को निर्देशित मिसाइल और ड्रोन से निशाना बनाया। समूह ने कहा कि उसने बिन्त जबील में अल-इशराक स्कूल के पास इजरायली सैनिकों के इलाके में एक और ड्रोन दागा।
ईरानी यह साबित करने की कोशिश कर रहे हैं कि वे श्रेष्ठ हैं। यह दिखा रहे हैं कि वे अपने उन लोगों का प्रतिनिधित्व करते हैं जिन्होंने लगभग छह सप्ताह तक बमबारी झेली है। और यह बात प्रतिनिधिमंडल की व्यापकता में भी झलकती है। जिन विषयों पर वे चर्चा करना चाहते हैं, उन्हें देखते हुए यह काफी असामान्य है कि इसकी अध्यक्षता संसद अध्यक्ष कर रहे हैं। ईरान में यह एक शक्तिशाली पद है, लेकिन संसद में अन्य सदस्य भी होते हैं। इसके अलावा चार उप विदेश मंत्री और वर्तमान विदेश मंत्री हैं, जो सभी मुद्दों के पूर्ण विशेषज्ञ हैं। 2015 में जब ईरान के साथ पिछला परमाणु समझौता हुआ था, तब वे मुख्य वार्ताकार थे। और इसके अलावा उनका पूर्ववर्ती भी आ रहा है और वह भी इन सभी मुद्दों से अवगत है।
एक अमेरिकी अधिकारी ने उन रिपोर्टों का खंडन किया है जिनमें कहा गया है कि वाशिंगटन ने ईरानी संपत्तियों को अनफ्रीज करने पर सहमति जताई है। रॉयटर्स समाचार एजेंसी ने दिन में पहले बताया था कि अमेरिका ने कतर और अन्य विदेशी बैंकों में रखी ईरानी संपत्तियों को जारी करने पर सहमति जताई है, इसके लिए उसने एक वरिष्ठ ईरानी सूत्र का हवाला दिया था।
ईरान की समाचार एजेंसी फ़ार्स ने ईरानी सरकार के एक जानकार सूत्र के हवाले से जानकारी दी है कि पाकिस्तान की मध्यस्थता से हुई बातचीत में प्रगति के बावजूद, तेहरान ने एक ऐसे परिदृश्य के प्रति आगाह किया है जिसमें प्रक्रिया विफल होने पर इजरायल को दोषी ठहराया जाएगा और अमेरिका को बरी कर दिया जाएगा। वार्ता के बीच, कुछ लोग इज़राइल को एक स्वतंत्र और विघटनकारी पक्ष के रूप में चित्रित करने की कोशिश कर रहे हैं ताकि अमेरिकी प्रशासन अपनी जिम्मेदारियों से बच सके। ईरान इस परिदृश्य और इस दोहरे मापदंड को पूरी तरह से खारिज करता है।