
ईरान (Iran) और अमेरिका (United States of America) के बीच तनाव बना हुआ है जो ताज़ा हमलों के बाद और बढ़ गया है। हालांकि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) ने दावा किया है कि जल्द ही दोनों देशों के बीच डील होगी और इसी वजह से उन्होंने ईरान पर आगे के हमलों पर रोक लगाने की घोषणा की है। हालांकि ईरान की तरफ से अब तक दोनों देशों के बीच डील के जल्द फाइनल होने की पुष्टि नहीं की गई है। इसी बीच अब ईरानी नेवी ने एक जहाज को आज, शुक्रवार, 12 जून को तड़के सुबह होर्मुज स्ट्रेट (Strait of Hormuz) में घुसने से रोक दिया है। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि यह जहाज बिना अनुमति के होर्मुज स्ट्रेट में घुस रहा था।
ईरान के सरकारी मीडिया की रिपोर्ट है कि देश के दक्षिणी हिस्से में धमाके की आवाज़ सुनी गई। बताया जा रहा है कि बिना अनुमति के होर्मुज स्ट्रेट में घुस रहे जहाज को रोकने के लिए ईरानी सेना ने उस पर हमला किया, जिसकी वजह से धमाका हुआ। आईआरजीसी - इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC - Islamic Revolutionary Guard Corps) के हवाले से देश की सरकारी मीडिया ने जानकारी दी कि जिस जहाज पर हमला किया गया, वो तेल से लदा हुआ था। होर्मुज स्ट्रेट में घुसने की कोशिश के दौरान ईरानी गार्ड्स ने उसे रुकने की चेतावनी दी, लेकिन जब वो नहीं रुका, तब हमला किया गया।
आईआरजीसी के हवाले से ईरान की सरकारी मीडिया ने बताया कि जहाज नियम तोड़कर होर्मुज स्ट्रेट में घुसने की कोशिश कर रहा था। उसके पास इस जलमार्ग से गुज़रने के लिए ज़रूरी अनुमति नहीं थी और न ही उसने ईरान के साथ इसके लिए समन्वय किया था और इसी वजह से उसके खिलाफ कार्रवाई की गई।
अमेरिकी हमलों के बाद ईरान के शीर्ष संयुक्त सैन्य कमांड ने होर्मुज स्ट्रेट को बंद कर दिया। ईरानी अधिकारियों ने भी इस फैसले की पुष्टि की है। इस रणनीतिक जलमार्ग को सभी प्रकार के जहाजों जिनमें तेल टैंकर और वाणिज्यिक पोत भी शामिल हैं, के लिए पूरी तरह बंद करने की घोषणा कर दी गई है। इतना ही नहीं, ईरान के शीर्ष संयुक्त सैन्य कमांड ने चेतावनी दी है कि अगर कोई भी जहाज होर्मुज स्ट्रेट से गुज़रने की कोशिश करेगा तो उसे निशाना बनाया जाएगा और इसी फैसले के तहत आज होर्मुज स्ट्रेट में बिना अनुमति और समन्वय के घुस रहे जहाज के खिलाफ कार्रवाई की गई।