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US Iran tensions : खार्ग द्वीप के पास सुने गए धमाकों से बढ़ा तनाव, ईरानी टैंकर पर अमेरिकी मिसाइल हमले का दावा

Kharg Island: ईरान के प्रमुख तेल निर्यात केंद्र खार्ग द्वीप के पास शनिवार को धमाकों की आवाजें सुनाई दीं। ईरानी मीडिया ने अमेरिकी मिसाइल हमले में एक ईरानी तेल टैंकर को निशाना बनाए जाने का दावा किया है, हालांकि इस दावे और धमाकों की वजह की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
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Updated: 5 Sep 2026, 1:58 PM IST
US Iran tensions
US Iran tensions (सांकेतिक फोटो-IANS)

Kharg Island : तेहरान। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा ईरान के अति-सुरक्षित परमाणु ठिकाने 'पिकैक्स माउंटेन' को मिट्टी में मिलाने की चेतावनी देने के कुछ ही घंटों बाद खाड़ी क्षेत्र में तनाव चरम पर पहुंच गया है। शनिवार को ईरान के प्रमुख तेल निर्यात केंद्र खार्ग द्वीप के पास जोरदार धमाकों की आवाजें सुनी गईं। घटना के बाद पूरे मध्य पूर्व में युद्ध की आशंका गहरा गई है।

ईरानी मीडिया 'नूरन्यूज' ने स्थानीय सूत्रों के हवाले से दावा किया है कि खार्ग द्वीप के पास मौजूद एक ईरानी तेल टैंकर पर अमेरिकी सेना ने मिसाइल से हमला किया है। हालांकि, समाचार एजेंसी रॉयटर्स के अनुसार फार्स न्यूज के संवाददाता ने बताया कि धमाकों की आवाजें तो आईं, लेकिन द्वीप पर कहीं से धुएं का गुबार उठता नजर नहीं आया। ईरानी अधिकारियों ने भी अभी तक इन हमलों की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।

'पिकैक्स माउंटेन' पर ट्रंप का कड़ा रुख

धमाकों से ठीक पहले राष्ट्रपति ट्रंप ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि अमेरिकी खुफिया एजेंसियां ईरान के 'पिकैक्स माउंटेन' परमाणु ठिकाने की पल-पल की गतिविधि पर नजर रख रही हैं। ट्रंप ने कहा था कि हम बहुत जल्द पिकैक्स माउंटेन पर हमला कर सकते हैं। अगर वहां कुछ भी गलत होता दिखा, तो हम ऐसा करारा प्रहार करेंगे कि वे संभल नहीं पाएंगे।

गौरतलब है कि 'पिकैक्स माउंटेन' नतांज यूरेनियम संवर्धन केंद्र के पास पहाड़ों की गहराई में बना एक बेहद सुरक्षित भूमिगत ठिकाना है। इजरायली खुफिया रिपोर्टों के मुताबिक, ईरान ने अपने हजारों सेंट्रीफ्यूज को इसी बंकरनुमा जगह पर स्थानांतरित कर दिया है ताकि वे पारंपरिक हवाई हमलों से सुरक्षित रहें।

ट्रंप बोले-हमारे लिए यह युद्ध नहीं, मामूली संघर्ष है

दूसरी ओर, ट्रंप ने इस सैन्य संघर्ष को स्मॉल पोटैटोज (मामूली बात) करार देकर विवाद खड़ा कर दिया है। उपराष्ट्रपति जेडी वेंस के बयान का समर्थन करते हुए ट्रंप ने कहा कि हमारे लिए यह कोई बड़ा युद्ध नहीं, बल्कि एक छोटा सैन्य संघर्ष है। अमेरिका अब तक इस संघर्ष में 37.5 अरब डॉलर (करीब 3.1 लाख करोड़ रुपए) से अधिक स्वाहा कर चुका है और 18 अमेरिकी सैनिक अपनी जान गंवा चुके हैं।

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5 Sep 2026, 1:58 PM IST
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