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आतंकियों की नई पीढ़ी तैयार करने में जुटा ISI, फिर एक्टिव हुआ मरकज-ए-तैयबा

ISI funding terror groups: पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI आतंकवाद की नई पौध तैयार कर रही है। इन आतंकियों की ट्रेनिंग अंतिम दौर में है। इसके बाद इन्हें जम्मू कश्मीर में घुसपैठ के लिए भेजा जा सकता है।

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Jan 15, 2026
Terrorists (Representational Photo)

Pakistan terrorism against India: पाकिस्तान अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहा है। हमारा पड़ोसी आतंकवाद की नई पौध तैयार कर रहा है। खुफिया सूत्रों के अनुसार, लश्कर-ए-तैयबा का मुख्यालय मुरीदके (पंजाब) में मरकज-ए-तैयबा को फिर से सक्रिय किया गया है। यहां आईएसआई आतंकियों की नई पीढ़ी तैयार करने में जुटा है। नए आतंकियों की अंतिम ट्रेनिंग चल रही है। इसके बाद इन आतंकियों को जम्मू-कश्मीर में घुसपैठ के लिए भेजा जा सकता है।

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गुप्त बैठक में हुआ बड़ा फैसला

पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई और पाकिस्तानी सेना की देखरेख में बहावलपुर में लश्कर-ए-तैयबा और जैश-ए-मोहम्मद के सेकंड जनरेशन कमांडरों की एक गुप्त बैठक हुई। बैठक में यह तय किया गया कि पुराने सरगनाओं की जगह नई पीढ़ी को आगे लाया जाएगा। ताकि आतंक को पीढ़ी-दर-पीढ़ी जारी रखा जा सके। सूत्रों का दावा है कि ISI भारी फंडिंग दे रहा है। ऑपरेशन सिंदूर में नष्ट किए गए कैंपों को पुनर्निर्माण के बाद बड़े पैमाने पर इस्तेमाल करने की तैयारी की जा रही है। पाकिस्तान में फिर से पनप रहे आतंक के खेल को लेकर भारतीय सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हैं और निगरानी बढ़ा दी गई है।

बदले की हैसियत नहीं, इसलिए…

ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को बड़ा नुकसान पहुंचाया था। इसके अलावा, अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर उसे बेइज्जती भी उठानी पड़ी थी। पाक सीधे तौर पर इसका बदला लेने की हैसियत में नहीं है, इसलिए वह आतंकियों की नई फौज तैयार कर भारत की टेंशन बढ़ाने की कोशिशों में लगा है। भारत को भी इसका आभास है, सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई हैं और निगरानी बढ़ा दी गई है। बता दें कि अप्रैल 2025 में जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी के जवाब में भारत ने ऑपरेशन सिंदूर चलाया था। भारतीय वायुसेना ने पाकिस्तान और पीओके में स्थित आतंकी ठिकानों पर मिसाइल हमले किए थे।

सीमा पर दिखे पाक के ड्रोन

पाकिस्तान बीच-बीच में सीमा पर टेंशन बढ़ाने का प्रयास करता रहता है। हाल ही में जम्मू-कश्मीर के राजौरी जिले में लाइन ऑफ कंट्रोल (LoC) के पास संदिग्ध पाकिस्तानी ड्रोन देखे गए। जब भारतीय सेना ने फायरिंग की, तो ड्रोन पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) की ओर लौट गए। कुछ ही देर के अंतराल में पाकिस्तानी ड्रोन दो बार दिखाई दिए। सुरक्षा एजेंसियों को आशंका है कि पाकिस्तान ड्रोन के जरिए घुसपैठ या नशीले पदार्थ गिराने की कोशिश कर सकता है। इसके मद्देनजर एलओसी पर निगरानी बढ़ा दी गई है।

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Published on:
15 Jan 2026 08:41 am
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