
Saudi Oil Pipeline Attack: सऊदी अरब की महत्वपूर्ण तेल पाइपलाइन और अन्य आर्थिक ढांचे को निशाना बनाकर किए गए हालिया ड्रोन हमलों के बाद पाकिस्तान ने खुलकर सऊदी अरब का समर्थन किया है। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने रविवार को सऊदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान (MBS) से फोन पर बात कर हूती हमलों की कड़ी निंदा की और कहा कि पाकिस्तान सऊदी अरब के साथ पूरी मजबूती से खड़ा है।
सऊदी प्रेस एजेंसी (SPA) के अनुसार, शहबाज शरीफ और मोहम्मद बिन सलमान के बीच क्षेत्र की मौजूदा स्थिति और तनाव कम करने के कूटनीतिक प्रयासों पर चर्चा हुई। शहबाज शरीफ ने सऊदी अरब को निशाना बनाकर किए गए हूती हमलों की निंदा की। उन्होंने इसे सऊदी अरब की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता का खुला उल्लंघन बताया। पाकिस्तानी प्रधानमंत्री ने सऊदी अरब के महत्वपूर्ण तेल ढांचे पर हुए हमलों की भी निंदा की।
सऊदी विदेश मंत्रालय ने बताया था कि रियाद और मदीना क्षेत्रों में मौजूद ईस्ट-वेस्ट पाइपलाइन को कई ड्रोन से निशाना बनाया गया। ये ड्रोन इराक से लॉन्च किए गए थे। हमले में कुछ लोग घायल हुए और पाइपलाइन को कुछ नुकसान भी पहुंचा, जिसे ठीक करने का काम किया जा रहा है। लगातार ड्रोन हमलों के बाद सऊदी अरब ने फिलहाल पाइपलाइन को बंद रखने का फैसला किया है।
शहबाज शरीफ ने सऊदी नेतृत्व के संयम की सराहना की। उन्होंने इराकी सरकार के उन प्रयासों का भी समर्थन किया, जिनका उद्देश्य अपनी जमीन का इस्तेमाल सऊदी अरब और पड़ोसी देशों पर हमले करने के लिए रोकना है। पाकिस्तानी प्रधानमंत्री ने कहा कि हालिया हमले क्षेत्रीय शांति और स्थिरता के लिए खतरा हैं। उनके अनुसार, इन घटनाओं के वैश्विक अर्थव्यवस्था और ऊर्जा सुरक्षा पर भी गंभीर परिणाम हो सकते हैं।
शहबाज शरीफ ने कहा कि वह, पाकिस्तान के सेना प्रमुख जनरल असीम मुनीर और उप प्रधानमंत्री इशाक डार क्षेत्र में तनाव कम करने तथा शांति और स्थिरता को बढ़ावा देने के प्रयास जारी रखेंगे। दोनों नेताओं ने आपसी संपर्क बनाए रखने और जल्द मुलाकात करने पर भी सहमति जताई। इस बातचीत ने बढ़ते क्षेत्रीय तनाव के बीच पाकिस्तान और सऊदी अरब के करीबी कूटनीतिक संबंधों को फिर सामने रखा।