Pakistan Got Angry Over PM Modi & President Biden's Statement: पीएम नरेंद्र मोदी की अमरीका की स्टेट विज़िट कुछ दिन पहले ही संपन्न हुई है। पीएम मोदी के इस ऐतिहासिक राजकीय दौरे की दुनियाभर में चर्चा हुई। पर इस दौरान पीएम मोदी ने अमरीकी राष्ट्रपति जो बाइडन के साथ मिलकर कुछ ऐसा कह दिया जिससे पाकिस्तान को मिर्ची लग गई।
भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Of India Narendra Modi) की अमरीका (United States Of America) की स्टेट विज़िट कुछ दिन पहले ही संपन्न हुई है। पीएम मोदी का यह राजकीय दौरा काफी अहम था और ऐतिहासिक भी। दुनियाभर में इस स्टेट विज़िट की चर्चा हुई। दोनों देशों के संबंधों के लिए भी यह स्टेट विज़िट काफी अहम थी और इससे दोनों देशों के रिश्तों में मज़बूती भी बढ़ी। पीएम मोदी की इस स्टेट विज़िट के दौरान उन्होंने अमरीकी राष्ट्रपति जो बाइडन (Joe Biden) से कई अहम विषयों पर भी चर्चा की और दोनों देशों के बीच डिफेंस, ट्रेड, स्पेस, टेक्नोलॉजी और दूसरे कई सेक्टर्स में अहम डील्स फाइनल की। पर इस दौरान पीएम मोदी ने बाइडन के साथ मिलकर कुछ ऐसा कह दिया जिससे पाकिस्तान (Pakistan) को मिर्ची लग गई।
आतंकवाद को लेकर पाकिस्तान पर साधा निशाना
पीएम मोदी की अमरीका स्टेट विज़िट के दौरान उन्होंने और अमरीकी राष्ट्रपति बाइडन ने एक संयुक्त बयान के ज़रिए आतंकवाद को लेकर पाकिस्तान पर निशाना साधा। इस संयुक्त बयान में पाकिस्तान को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा गया कि उसकी ज़मीन का इस्तेमाल आतंकी गतिविधियों और हमलों के लिए बेस के रूप में इस्तेमाल न किया जाए। इसके साथ ही दोनों ने लश्कर-ए-तैयबा, जैश-ए-मोहम्मद और हिज्ब-उल-मुजाहिदीन जैसे पाकिस्तानी आतंकी संगठनों सहित यूनाइटेड नेशन्स द्वारा सूचीबद्ध सभी आतंकवादी समूहों के खिलाफ कड़े एक्शन लेने की भी मांग की।
पाकिस्तान को हुई तकलीफ, अमरीकी दूतावास को किया तलब
पीएम मोदी और बाइडन के इस संयुक्त बयान से पाकिस्तान को तकलीफ हुई है और उसकी तरफ से इस बारे में अमरीकी दूतावास को तलब किया गया है।
साथ ही इस बारे में हाल ही में पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय की तरफ से बयान जारी करते हुए कहा गया, "अमरीका को इस तरह के बयानों से बचना चाहिए जिन्हें पाकिस्तान के खिलाफ भारत के निराधार और राजनीति से प्रेरित बयान को बढ़ावा देने के वाला माना जा सकता है। पाकिस्तान और अमरीका के बीच आतंकवाद विरोधी सहयोग अच्छे से चल रहा है। यह सहयोग विश्वास और समझ पर केंद्रित है और पाकिस्तान-अमरीका को और मज़बूत करने के लिए इसी तरह का सक्षम माहौल ज़रूरी है।"