रूस ने यूक्रेन के समक्ष समझौते के लिए एक शर्त रखी है। रूसी राष्ट्रपति चाहते हैं कि सेना सत्ता की बागडोर अपने हाथ में ले ले।
रूस लगातार यूक्रेन पर हमले कर रहा है जिसमें कई यूक्रेन के सैनिक और नागरिक घायल हो गए हैं। दुनियाभर में रूस की निंदा हो रही है और उसे तुरंत शांति स्थापित करने की मांग कर रहे हैं। यूक्रेन के राष्ट्रपति रूस से बातचीत करने लप तैयार हो गए हैं वहीं, रूस ने बातचीत से पहले एक शर्त रखी है। पुतिन ने यूक्रेन की सेना से यूक्रेन की सत्ता अपने हाथ में लेने को कहा है। पुतिन का ये बयान तब आया है जब यूक्रेन भी बातचीत के लिए तैयार हो गया है। रूसी सेना ने यूक्रेन की राजधानी कीव में कई हमले किए हैं जिसमें कई नागरिक भी मारे गए हैं। संभावनाएं जताई जा रही हैं कि रूस जल्द ही कीव पर कब्जा कर लेगा। बता दें कि रूसी सेना ने यूक्रेनी एयरपोर्ट पर कब्जा भी कर लिया है।
पुतिन ने रूस की सुरक्षा परिषद के साथ हुई बैठक में कहा, 'मैं एक बार फिर यूक्रेन की सेना से अपील करता हूं कि नव-नाजियों और यूक्रेनी कट्टरपंथी राष्ट्रवादियों को अपने बच्चों, पत्नियों और बुजुर्गों को मानव ढाल के रूप में इस्तेमाल होने से बचाएं।'
पुतिन ने कहा, ‘यूक्रेन की सेना सत्ता अपने हाथों में ले ले जिसके बाद ही समझौते तक पहुंचना आसान हो सकेगा। इस दौरान पुतिन ने यूक्रेन की सेना की बहादुरी की भी सराहना की।
बता दें कि रूस ने गुरुवार सुबह यूक्रेन पर हमला कर जंग की शुरुआत कर दी थी। इस हमले की पूरी दुनिया में निंदा की जा रही है। वहीं, यूक्रेन इस लड़ाई में अकेला पड़ गया है। कोई भी नाटो का सदस्य देश उसकी सैन्य मदद करने के लिए आगे नहीं आया है।
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