
बांग्लादेश (Bangladesh) में राजनीतिक उथलपुथल थमने का नाम नहीं ले रही है। पिछले साल 5 अगस्त को शेख हसीना (Sheikh Hasina) को पीएम पद के साथ ही बांग्लादेश छोड़कर अपनी बहन शेख रेहाना (Sheikh Rehana) के साथ भारत (India) आना पड़ा और तब से वह केंद्रीय सरकार की शरण में रह रही हैं। शेख हसीना के बांग्लादेश छोड़ने के कुछ समय बाद बांग्लादेश में अंतरिम सरकार बनी, जिसका लीडर मुहम्मद यूनुस (Muhammad Yunus) को बनाया गया। अब एक बार फिर देश में तख्तापलट की अटकलें चल रही हैं और यूनुस के इस्तीफा देने के कयास लगाए जा रहे हैं। इसी बीच शेख हसीना ने यूनुस पर निशाना साधते हुए एक बड़ा आरोप लगाया।
शेख हसीना ने यूनुस पर आरोप लगाते हुए कहा, "उन्होंने सत्ता में बने रहने के लिए देश, अमेरिका को बेच दिया। मैंने कभी भी सत्ता में बने रहने के लिए देश को बेचने के बारे में नहीं सोचा।"
जानकारी के अनुसार अमेरिका को बांग्लादेश से सेंट मार्टिन द्वीप चाहिए, जिससे वो वहाँ पर अपना मिलिट्री बेस बना सके।
शेख हसीना ने यूनुस पर एक और गंभीर आरोप लगाया। उन्होंने कहा, "हमारी सरकार ने जिन खूंखार आतंकियों को गिरफ्तार किया था, उन्हें यूनुस सरकार ने रिहा कर दिया है। उन आतंकियों के दम पर ही यूनुस सरकार चल रही है। ऐसे में यह कहना गलत नहीं होगा कि आतंकी ही बांग्लादेश की सरकार चला रहे हैं।"
पिछले कुछ समय से इस बात की अटकलें चल रही हैं कि जल्द ही बांग्लादेश में यूनुस का 'गेम ओवर' हो सकता है और सेना उन्हें सत्ता से हटा सकती है। ऐसे में शेख हसीना का फिर से एक्टिव होना और यूनुस पर निशाने साधा इस ओर भी इशारा करता है कि बांग्लादेश की पूर्व पीएम वापसी की तैयारी कर रही हैं। हालांकि बांग्लोदश की राजनीति में शेख हसीना की वापसी होगी या नहीं, फिलहाल इस बारे में कुछ नहीं कहा जा सकता। लेकिन यूनुस की राजनीति खत्म होने के कयास बांग्लादेश के राजनीतिकी गलियारों में लगाए जा रहे हैं।