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धान विक्रय करने वाले अनूपपुर जिले के 4598 किसानों को अब तक नहीं हुआ भुगतान

अनूपपुर. अनूपपुर जिले में धान खरीदी के 15 दिन बीत जाने के बावजूद अब तक साढ़े 4 हजार से अधिक किसानों को राशि का भुगतान नहीं किया गया है। कलेक्टर ने विभागीय अधिकारियों की बैठक लेते हुए धान खरीदी के तीन दिन के भीतर राशि का भुगतान किए जाने के निर्देश खाद्य विभाग एवं नोडल […]

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वादा अधूरा, कर्मचारियों का गुस्सा फूटा! कबीरधाम में 700 कर्मचारी हड़ताल पर, धान खरीदी बहिष्कार का ऐलान(photo-patrika)

वादा अधूरा, कर्मचारियों का गुस्सा फूटा! कबीरधाम में 700 कर्मचारी हड़ताल पर, धान खरीदी बहिष्कार का ऐलान(photo-patrika)

अनूपपुर. अनूपपुर जिले में धान खरीदी के 15 दिन बीत जाने के बावजूद अब तक साढ़े 4 हजार से अधिक किसानों को राशि का भुगतान नहीं किया गया है। कलेक्टर ने विभागीय अधिकारियों की बैठक लेते हुए धान खरीदी के तीन दिन के भीतर राशि का भुगतान किए जाने के निर्देश खाद्य विभाग एवं नोडल एजेंसी एनसीसीएफ के अधिकारियों को दिए थे। बावजूद इसके आज भी किसान भुगतान मिलने का इंतजार कर रहे हैं। अनूपपुर जिले में धान की खरीदी 2 दिसंबर से 23 जनवरी तक की गई थी। धान खरीदी के लिए जिले भर के 21975 किसानों ने पंजीयन कराया था, जिसमें से 18741 किसानों ने अपनी फसल का विक्रय जिले के 34 खरीदी केंद्रों में किया था। साढ़े चार हजार से अधिक किसानों को फसल विक्रय के 15 दिन बीत जाने के बाद भी राशि का भुगतान नहीं हो पाया है जिसके कारण किसान परेशान हो रहे हैं।

91 करोड़ रुपए का भुगतान बकाया

जिले भर में 18741 किसानों ने फसल का विक्रय किया था जिसमें से 14143 किसानों के फसल विक्रय का भुगतान कर दिया गया है। वहीं 4598 किसानों का फसल विक्रय के एवज में 91 करोड़ 30 लाख 14 हजार 729 रुपए का भुगतान अभी तक बकाया है। इसके लिए किसान परेशान हैं। इसके लिए नोडल एजेंसी एनसीसीएफ को जिम्मेदार बता रहा है। वहीं एनसीसीएफ के अधिकारी भोपाल स्तर से समस्या का समाधान न होने की बात कह रहे हैं।

रुपए न मिलने से गेहूं की खेती हो रही प्रभावित किसान पुष्पेंद्र कुमार चंद्रवंशी निवासी ग्राम पंचायत बहपुर ने अपनी धान का सहकारी समिति भेजरी केंद्र में 2 जनवरी को विक्रय किया था लेकिन धान खरीदी का पैसा खाते में आज तक नहीं आ पाया है। किसान ने बताया कि राशि न मिलने की वजह से गेहूं की फसल में खाद नहीं डाल पा रहे हैं। किसानों के आय का साधन खेती ही है, उसका पैसा भी समय पर नहीं आने से अगली खेती का नुकसान हो रहा है।

मजदूरों को फसल काटने का पैसा नहीं दे पाए

किसान शुकवरिया बाई निवासी ग्राम पंचायत भेजरी ने 24 दिसंबर को अपनी 220.4 क्विंटल धान का सेवा सहकारी समिति भेजरी में विक्रय किया था। विक्रय की राशि आज तक उनके खाते में नहीं आई है। अभी तक हम फसल कटाई के कार्य में लगे मजदूरों की मजदूरी का भुगतान भी नहीं कर पाए हैं। प्रतिदिन मजदूर घर पर आ जाते हैं। सरकार पैसा ही नहीं दे रही है तो कहां से दें बहुत परेशानी है।

खरीदी के लिए निर्धारित नोडल एजेंसी एनसीसीएफ इसके लिए जिम्मेदार है। भुगतान को लेकर हमने भोपाल कार्यालय को पत्राचार किया है। 7 दिनों के भीतर भुगतान करने का प्रावधान है। बालमेंद्र सिंह, खाद्य अधिकारी

हम लगातार भोपाल कार्यालय को भुगतान के लिए पत्राचार कर रहे हैं। किस वजह से भुगतान अटका है इसकी जानकारी हमें नहीं है। वरिष्ठ कार्यालय से ही यह पता चल पाएगा। अनिल सिंह, जिला समन्वयक, एनसीसीएफ