
ईवीएम रखने मिलेगा भवन: मशीनों को सुरक्षित रखने कलेक्ट्रेट में बनेंगे द्वितलीय इमारत, 2.91 करोड़ की लागत से बनेगा भवन
३ हजार वीवीपैट मशीन के साथ १६-१६ सौ ईवीएम और बायलेट बॉक्स रखने की होगी सुविधा
अनूपपुर। जिले में सम्पन्न होने वाले चुनावी प्रक्रियाओं में ईवीएम की अनिवार्यता को देखते हुए अब मशीनों को सुरक्षित रखने जिला प्रशासन को स्ट्रॉग रूम सहित अन्य शासकीय भवनों की तलाश करने की आवश्यकता नहीं होगी। जिले के लिए उपलब्ध ईवीएम और बायलेट मशीनों को सुरक्षित रखने जिला मुख्यालय के कलेक्ट्रेट परिसर में ही भवन निर्माण कर ऐसे मशीनों को सुरक्षित रखने की रणनीति तैयार की गई है। इसके लिए शासन के निर्देश में कलेक्ट्रेट परिसर के पूर्वी हिस्से में पीआईयू (पीडब्ल्यूडी)द्वारा बुढार की निर्माण एजेंसी से निर्माण कार्य करवा रही है। जिसे जनवरी २०२० तक पूरा कर मशीनों के साथ साथ चुनाव सम्बंधित अन्य संसाधनों को सुरक्षित रखा जा सकेगा। बताया जाता है कि अनूपपुर कलेक्ट्रेट परिसर में ही १० हजार स्क्वायर फीट एरिया को चिह्नित किया गया है। जहां २ करोड़ ९१ लाख की लागत से द्वितलीय ईवीएम भवन का निर्माण कराया जाएगा। इसमें ३ हजार वीवीपैट मशीन के साथ साथ १६००-१६०० बायलेट बॉक्स और ईवीएम भी रखने की होगी सुविधा। इनमें प्रथम तल में १५०० वीवीपैट तथा ८००-८०० ईवीएम व बॉयलेट बॉक्स तथा द्वितीय तल पर १५०० वीवीपैट तथा ८००-८०० ईवीएम व बॉयलेट बॉक्स रखने की व्यवस्था बनाई जाएगी। इसके अलावा बनाए जाने वाले भवन में दो हॉल के साथ बीएलओ प्रशिक्षण कक्ष, एक कार्यालय कक्ष, २ बायलेट यूनिट बॉक्स, तथा वीवीपैट मशीनों को रखने की सुविधा के साथ साथ बफर जोन, सुरक्षा गार्ड कक्ष भी बनाए जाएंगे। प्रशासन का मानना है कि इस प्रकार की बिल्डिंग की उपलब्धता से अब कलेक्टे्रट कार्यालय से ही ईवीएम स्टॉक, रेंडमाईजेशन, चुनाव के दौरान उसकी वास्तविक स्थितियां, चुनाव में बूथों की भेजने की सुविधा सहित स्टोर करने की भी व्यवस्था सम्भव हो पाएगी। फिलहाल जिले में चुनाव सम्पन्न कराने ढाई हजार से अधिक मशीनो को भंडारित कर रखा जाता है। जिसके भंडारण सहित सुरक्षा के लिए समय समय पर अलग अलग शासकीय भवनों को अधिग्रहित किया जाता है। लेकिन वर्ष २०२० के बाद प्रशासन को भवनों की तलाश की जरूरत नहीं होगी।
जानकारी के अनुसार पूर्व में ईवीएम बिल्डिंग निर्माण की प्रक्रिया कलेक्टर आवासीय परिसर के पीछे वाले शासकीय भूमि पर बनाने की योजना बनाई गई थी। लेकिन आवासीय परिसरों के साथ आगे वाले समय में और शासकीय क्वार्टरों के निर्माण तथा चुनावी कार्यक्रम के दौरान वाहनों की आवाजाही से बनने वाली असुविधाओं को देखते हुए बाद में कलेक्ट्रेटर परिसर के अंदर ही भवन निर्माण कराने की योजना पर अमल किया गया। प्रशासन का कहना है कि कलेक्टर आवासीय परिसर के पास अधिक गड्ढा होने के कारण उसकी भराई में अधिक खर्च बन रहा था। साथ ही सुरक्षा व्यवस्थाओं को देखते हुए इसके स्थान में परिवर्तन किया गया है। वहीं प्रशासन ने फिलहाल ईवीएम भंडारण तथा आगामी चुनावी कार्यक्रमों को पॉलीटेक्निक कॉलेज परिसर में सम्पन्न कराने की रणनीति पर कार्य करने की मंशा बनाई है।
बॉक्स: जिले के लिए होगी नई सौगात
जिले के विकास में ईवीएम बिल्डिंग का निर्माण एक नई सौगात होगी। निर्वाचन शाखा सूत्रों के अनुसार यह व्यवस्था पूरे प्रदेश स्तर पर बनाई जाएगी। लेकिन अनूपपुर जिले में बनाई जाने वाली ईवीएम बिल्डिंग की सूचना से निर्वाचन शाखा विभाग और प्रशासनिक अधिकारियों ने राहत महसूस करते हुए होने वाले परेशानी से बचने की बात कही है।
वर्सन:
पूर्व में ईवीएम भवन का निर्माण कलेक्टर आवास के पीछे बनाए जाना प्रस्तावित था। लेकिन अब इसे कलेक्ट्रेट परिसर में ही बनाया जा रहा है। इसके निर्माण से जिले की ईवीएम व अन्य उपकरणों को सुरक्षित स्थल मिल जाएगी, जिससे चुनावी कार्य के दौरान परेशान नहीं होना पड़ेगा।
डॉ. आरपी तिवारी, जिला उपनिर्वाचन अधिकारी व अपर कलेक्टर अनूपपुर।
Updated on:
20 Aug 2018 08:21 pm
Published on:
20 Aug 2018 08:21 pm
