
mp news: मध्यप्रदेश में रिश्वतखोर अधिकारी-कर्मचारियों पर कार्रवाई का सिलसिला लगातार जारी है। लगभग हर दूसरे दिन कहीं न कहीं लोकायुक्त रिश्वतखोर अधिकारी-कर्मचारियों को रिश्वत लेते हुए रंगेहाथों पकड़ रही है लेकिन इसके बावजूद रिश्वतखोर बाज आते नजर नहीं आ रहे हैं। ताजा मामला मध्यप्रदेश के अशोकनगर जिले का है जहां लोकायुक्त ने बड़ी कार्रवाई करते हुए सहायक मंडी उपनिरीक्षक को रिश्वत लेते हुए रंगेहाथों पकड़ा है। उपनिरीक्षक ने रिश्वत की रकम अपनी जेब में रख ली थी जिसके कारण लोकायुक्त टीम ने उसकी पेंट भी उतरवाई।
अशोकनगर जिले के ईसागढ़ में बुधवार को ग्वालियर लोकायुक्त की टीम ने सहायक मंडी उपनिरीक्षक महेन्द्र कनेरिया को रिश्वत लेते हुए पकड़ा है। रिश्वतखोर सहायक मंडी उपनिरीक्षक महेन्द्र कनेरिया ने भाजपा नेता व पूर्व नगर पालिक अध्यक्ष भूपेन्द्र नारायण द्विवेदी से 20 हजार रूपये की मांग की थी जिसके के बाद सौदा 15 हजार रूपये में तय हुआ था। फरियादी भूपेन्द्र नारायण अपनी पत्नी के नाम से गल्ला खरीदी का लाइसेंस बनवाना चाहते हैं जिसके एवज में सहायक मंडी उपनिरीक्षक महेन्द्र कनेरिया ने उनसे रिश्वत मांगी थी।
फरियादी भूपेन्द्र नारायण ने सहायक मंडी उपनिरीक्षक महेन्द्र कनेरिया के द्वारा रिश्वत मांगे जाने की शिकायत ग्वालियर लोकायुक्त कार्यालय में की। लोकायुक्त ने शिकायत की जांच की और शिकायत सही पाए जाने पर फरियादी भूपेन्द्र को रिश्वत के 15 हजार रूपये देने के लिए रिश्वतखोर सहायक मंडी उपनिरीक्षक महेन्द्र कनेरिया के पास भेजा। कनेरिया ने रिश्वत के नोट लेकर जैसे ही अपनी जेब में रखे तो लोकायुक्त टीम ने उसे पकड़ लिया। लोकायुक्त ने रिश्वतखोर महेन्द्र कनेरिया की पेंट उतरवाकर उसे जब्त किया है।
Updated on:
26 Mar 2025 05:56 pm
Published on:
26 Mar 2025 03:45 pm
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