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बांग्लादेश: नोबेल विजेता अर्थशास्त्री यूनुस के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी

अर्थशास्त्री मोहम्मद यूनुस पर अपने कंपनी से कर्मचारियों को गैरकानूनी तरीके से बर्खास्त करने का आरोप है अदालत में सुनवाई के दौरान यूनुस कोर्ट में मौजूद नहीं थे, जिसके कारण गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया
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नई दिल्ली

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Anil Kumar

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Updated: 10 Oct 2019, 11:08 PM IST

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ढाका। एक और जहां 2019 के लिए नोबेल पुरस्कार विजेताओं को सम्मानित किया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर एक ऐसी खबर सामने आई है, जो बहुत ही निराशाजनक और बहुत ही दुखद है।

दरअसल, बांग्लादेश के अर्थशास्त्री और नोबेल पुरस्कार विजेता मोहम्मद यूनुस के खिलाफ बुधवार को गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया है। बांग्लादेश की एक कोर्ट ने उनकी एक कंपनी के कर्मचारियों की बर्खास्तगी के मामले में फैसला सुनवाई करते हुए यह आदेश जारी किया है।

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हालांकि सुनवाई के दौरान यूनुस खुद कोर्ट में मौजूद नहीं थे, क्योंकि वे विदेश में हैं। अधिकारियों ने गुरुवार को बताया कि राजधानी ढाका की एक अदालत में मामले की सुनवाई की सुनवाई हो रही थी, लेकिन इस मौके पर यूनुस उपस्थित नहीं रहे, जिसको लेकर जज ने गिरफ्तारी वारंट जारी किया है।

क्या है मामला?

दरअसल, अर्थशास्त्री मोहम्मद यूनुस पर आरोप है कि उन्होंने अपनी एक कंपनी 'ग्रामीण कम्युनिकेशन्स' (जीसी) कर्मचारियों को गैरकानूनी तरीके से बर्खास्त कर दिया गया था। इसे लेकर बर्खास्त कर्मचारियों ने शिकायत दर्ज कराई और आरोप लगाया कि उन्होंने एक ट्रेड यूनियन की स्थापना की, जिसके कारण सभी को बर्खास्त कर दिया गया।

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अदालत के क्लर्क एम. नूरुज्जमां ने बताया कि मामले की सुनवाई के दौरान अदालत में कंपनी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी और एक वरिष्ठ प्रबंधक पेश हुए और उन्हें जमानत मिल गई। जबकि जीसी के अध्यक्ष यूनुस सुनवाईउपस्थित नहीं हुए, क्योंकि वे विदेश में है। लिहाजा उनके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया है।

यूनुस के वकील काजी इरशादुल आलम ने बताया कि यूनुस को कोई समन मिलता उससे पहले ही वे देश (बांग्लादेश) से बाहर चले गए थे। अब जब वे वापस लौटेंगे तो सभी जरुरी कदम उठाएंगे और अदालती कार्रवाई का सामना करेंगे।

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