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विरोधियों को भ्रष्टाचार के मामलों में फंसाकर उनका राजनीतिक करियर खत्म कर रहे शी जिनपिंग, अब यह नेता बना निशाना

चीन में सत्तारूढ़ कम्युनिस्ट पार्टी के केंद्रीय अनुशासन निरीक्षण आयोग ने आज शनिवार को बताया कि फू झेंगहुआ जो पूर्व में नागरिक सुरक्षा विभाग के पूर्व उप मंत्री भी थे, पार्टी के अनुशासन और कानून के गंभीर उल्लंघन के लिए जांच के दायरे में हैं।  
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Ashutosh Pathak

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Updated: 2 Oct 2021, 9:56 PM IST

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नई दिल्ली।

चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग अपने विरोधियों को भ्रष्टाचार के मामलों में फंसाकर उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई कर रहे हैं। बताया जा रहा है कि जिनपिंग अपने देश में विरोधियों को इस चाल से निपटाकर उनका राजनीतिक करियर तबाह कर रहे हैं।

इस बार चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग के भ्रष्टाचार विरोधी अभियान का निशाना वहां के पूर्व न्याय मंत्री फू झेंगहुआ बन गए हैं। चीन में सत्तारूढ़ कम्युनिस्ट पार्टी के केंद्रीय अनुशासन निरीक्षण आयोग ने आज शनिवार को बताया कि फू झेंगहुआ जो पूर्व में नागरिक सुरक्षा विभाग के पूर्व उप मंत्री भी थे, पार्टी के अनुशासन और कानून के गंभीर उल्लंघन के लिए जांच के दायरे में हैं। आयोग ने इस मामले को लेकर और विस्तृत जानकारी नहीं दी है।

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बहरहाल, यह भी साफ नहीं हुआ है कि 66 साल के फू झेंगहुआ राष्ट्रपति शी जिनपिंग के भ्रष्टाचार विरोधी अभियान का लक्ष्य क्यों बने हैं। वह बीजिंग के लिए नागरिक सुरक्षा विभाग के प्रमुख और वर्ष 2013 से वर्ष 2018 तक नागरिक सुरक्षा विभाग में उप मंत्री रहे हैं। इसके बाद वर्ष 2018 से वर्ष 2020 के बीच फू झेंगहुआ न्याय मंत्री रहे हैं।

इससे पहले, नागरिक सुरक्षा विभाग के उप मंत्री रहते हुए फू झेंगहुआ ने खुद भ्रष्टाचार विरोधी अभियान में दोषी ठहराए गए सबसे वरिष्ठ अधिकारियों में से एक, झोउ योंगकांग की जांच का नेतृत्व किया था। बता दें कि नागरिक सुरक्षा विभाग में पूर्व मंत्री झोउ, राष्ट्रपति शी जिनपिंग के पूर्ववर्ती राष्ट्रपति हू जिंताओ के नेतृत्व वाली कम्युनिस्ट पार्टी के शीर्ष निकाय पोलित ब्यूरो स्थायी समिति के नौ सदस्यों में से एक थे। झोउ को 2015 में रिश्वत लेने, सत्ता का दुरुपयोग करने और राज्य के रहस्यों को लीक करने के आरोप में उम्रकैद की सजा सुनाई गई थी।

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राष्ट्रपति शी जिनपिंग पर राजनीतिक विरोधियों को बाहर निकालने के लिए भ्रष्टाचार विरोधी अभियान का उपयोग करने का आरोप लगता रहा है। झोउ के पतन को कम्युनिस्ट पार्टी में एक बार मजबूत और शक्तिशाली गुट को खत्म करने के तौर पर देखा गया था।