पाकिस्तान की आर्थिक स्थिति को सुधारने के लिए इमरान खान ने प्रधानमंत्री काफिले में तैनात दर्जनों बुलेटप्रूफ गाड़ियों का इस्तेमाल करने से भी इनकार कर दिया है। इमरान का कहना है कि इन गाड़ियों की नीलामी की जाएगी, जिससे प्राप्त धन को सरकारी खजाने में जमा किया जाएगा। क्रिकेटर से नेता बने इमरान खान ने कहा है कि देश की गरीबी को दूर करने के लिए उनके स्तर से जो भी संभव होगा उसे किया जाएगा। प्रधानमंत्री के इस कदम से देश के नौकरशाहों में भी कड़ा संदेश गया है। बुलेटप्रूफ गाड़ियों का इस्तेमाल न करने के ऐलान से पाकिस्तान की सुरक्षा एजेंसियां हैरान हैं। सुरक्षा अधिकारियों को चिंता है कि आतंकवाद से ग्रसित इस देश में नेताओं को कैसे महफूज रखा जाएगा।