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पाकिस्तान की नई सरकार का दावा, कुलभूषण जाधव के खिलाफ है पर्याप्त सबूत

भारत सरकार ने पिछले साल आठ मई को आईसीजे का रूख किया था और पाकिस्तानी कोर्ट द्वारा सुनाए गए सजा-ए-मौत का चुनौती दी थी।
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नई दिल्ली

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Prashant Kumar Jha

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Updated: 23 Aug 2018, 7:14 PM IST

jadhav

पाकिस्तान की नई सरकार का दावा, कुलभूषण जाधव के खिलाफ है पर्याप्त सबूत

नई दिल्ली: पाकिस्तान में नई सरकार ने भी भारतीय नागरिक कुलभूषण जाधव के खिलाफ पक्के सबूत होने का दावा किया है। पाकिस्तान के नए विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी ने कहा कि कुलभूषण जाधव के खिलाफ पर्याप्त सबूत हैं। महमूद ने कहा कि पूरा भरोसा है कि इंटरनेशनल कोर्ट ऑफ जस्टिस (ICJ) का फैसला उनके हक में ही जाएगा। अप्रैल 2017 में 47 वर्षीय कुलभूषण जाधव को पाकिस्तान की एक मिलिटरी अदालत ने जासूसी के आरोप में मौत की सजा सुनाई थी। महमूद कुरैशी ने जाधव के अलावा भारत-पाकिस्तान के बीच बातचीत की संभावना पर कहा कि पाकिस्तान कश्मीर मामले को लेकर शांति से सुलझाना चाहता है। हमें उम्मीद है भारत इस पर विचार करेगा।

जाधव की फांसी पर लगी रोक

भारत सरकार ने पिछले साल आठ मई को आईसीजे का रूख किया था और पाकिस्तानी कोर्ट द्वारा सुनाए गए सजा-ए-मौत का चुनौती दी थी। भारत ने अदालत से यह भी अपील किया था कि जबतक द हेग में यह कानूनी लड़ाई समाप्त नहीं होती, अदालत आपात उपायों को अपनाकर जाधव की फांसी की सजा को स्थगित करवाए।

फरवरी में होगी जाधव पर सुनवाई

पाकिस्तानी जेल में बंद भारतीय नागरिक कुलभूषण जाधव केस की सुनवाई इंटरनेशनल कोर्ट ऑफ जस्टिस (ICJ) में फरवरी 2019 में होगी। मीडिया रिपोर्ट में दावा किया गया है कि ICJ फरवरी में एक सप्ताह तक सुनवाई करेगा। भारत की तरफ से इस मामले को उठाने के बाद ICJ ने कुलभूषण की सजा पर रोक लगा रखी है।

जासूसी के आरोप में जाधव पर कार्रवाई

भारतीय नागरिक कुलभूषण जाधव मामले को लेकर पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय न्यायालय (आईसीजे) में दूसरा जवाबी हलफनामा दाखिल किया। सूत्रों के हवाले से पाकिस्तान की टीवी ने खबर दी है कि अगले साल फरवरी में एक सप्ताह तक इस मामले की सुनवाई की जाएगी। पाकिस्तान ने अपने दावों में कहा है कि कुलभूषण कोई आम आदमी नहीं हैं बल्कि वह जासूसी और तबाही फैलाने के उद्देश्य से पाक में घुसे थे।