
सीरिया संकट पर मिलकर निपटेंगे रूस और ईरान, विद्रोहियों के खिलाफ जारी रहेगा संघर्ष
अस्ताना। रूसी राष्ट्रपति और उनके ईरानी समकक्ष हसन रूहानी ने रविवार को कजाकिस्तान के अकतऊ शहर में पांचवें कैस्पियन शिखर सम्मलेन के फ्रेमवर्क में हुई द्विपक्षीय बैठक के दौरान सीरिया में आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में दोनों के बीच पारस्परिक सहयोग पर जोर दिया। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, बैठक की शुरुआत में पुतिन के हवाले से कहा, "कैस्पियन से संबंधित कई सवालों पर और सीरिया संकट सहित गंभीर संकटों से निपटने के बारे में हमारे पास सहयोग के बहुत बड़े अवसर हैं।"
बैठक में 5 देशों के नेताओं ने की शिरकत
रूसी राष्ट्रपति ने कहा कि सीरियाई संकट उनके और रूहानी के बीच चर्चा का मुख्य मुद्दा रहा। यह बैठक रूस, कजाकिस्तान, अजरबेजान, ईरान और तुर्कमेनिस्तान के नेताओं द्वारा विश्व की सबसे बड़ी झील की कानूनी स्थिति को लेकर ऐतिहासिक समझौता होने के बाद हुई है। पांचों देश कैस्पियन सागर साझा करते हैं। पुतिन ने सीरिया संकट पर तुर्की और अन्य देशों के साथ निश्चित समाधान के लिए रूस द्वारा वार्ता शुरू करने की इच्छा का जिक्र करते हुए रूहानी से कहा, "मैं आपको इस जटिल मामले से निपटने के लिए अपने भागीदारों के साथ संपर्कों की प्रगति के बारे में सूचित करना चाहता हूं।"
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रूहानी ने की रूस की तारीफ
रूहानी ने कहा कि सीरिया में इस्लामिक स्टेट (आईएस) और जिहादी समूहों पर सीरियाई सेना की जीत रूस और ईरान के बीच सहयोग से संभव हुई है। ईरानी नेता ने कहा, "पूरी दुनिया गवाह है कि कैसे ईरान और रूस की मदद से सीरियाई सेना अपने देश में आंतकवाद से लड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा पाई है।" बता दें कि सीरिया में रूस और ईरान के सहयोग से सीरिया में असद सरकार विद्रोहियों के खिलाफ मोर्चा संभाले हुए है।
Published on:
13 Aug 2018 09:10 pm

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