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सरकार बनने के महीने भीतर ही पाक में राजनीतिक उथल-पुथल, दूसरे अर्थशास्त्री का इस्तीफा

इससे पहले हॉर्वर्ड केनेडी स्कूल में अंतर्राष्ट्रीय वित्त और विकास के प्रोफेसर डॉ. आसिम एजाज ख्वाजा ने ईएसी के सदस्य के रूप में इस्तीफा दे दिया था।

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Shweta Singh

Sep 08, 2018

second economist resigned from advisory committee of pakistan

सरकार बनने के महीने भीतर ही पाक में राजनीतिक उथल-पुथल, दूसरे अर्थशास्त्री का इस्तीफा

इस्लामाबाद। प्रधानमंत्री इमरान खान की आर्थिक सलाहकार परिषद (ईएसी) से शनिवार को एक दूसरे अर्थशास्त्री ने इस्तीफा दे दिया। इस बार परिषद से प्रसिद्ध शिक्षाविद् डॉ. आतिफ मियां को उनके अहमदी मजहब के लिए निकाले जाने के विरोध में अर्थशास्त्री ने इस्तीफा दिया है। इस पर युनिवर्सिटी कॉलेज लंदन में अर्थशास्त्र के प्रोफेसर डॉ. इमरान रसूल ने एक ट्वीट में कहा, 'भारी दिल के साथ मैंने आज सुबह ईएसी से इस्तीफा दे दिया।'

डॉ. आसिम एजाज ख्वाजा के इस्तीफे के बाद दूसरा इस्तीफा

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक उन्होंने कहा, 'मैं कामना करता हूं कि सरकार और ईएसी अपने आगे के काम में सफल हों और निष्पक्ष, साक्ष्य आधारित सलाह देने के इच्छुक बने रहेंगे, ताकि देश के निर्माण में आर्थिक नीति को बेहतर बनाने में मदद हो सके।' रिपोर्ट के मुताबिक, पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) सरकार द्वारा शुक्रवार को डॉ. आतिफ मियां को परिषद से बाहर किए जाने के कुछ घंटों बाद ही हॉर्वर्ड केनेडी स्कूल में अंतर्राष्ट्रीय वित्त और विकास के प्रोफेसर डॉ. आसिम एजाज ख्वाजा ने ईएसी के सदस्य के रूप में इस्तीफा दे दिया था। अब इसके एक दिन बाद रसूल ने भी इस्तीफा दे दिया है।

पिछले सप्ताह ही परिषद में नियुक्त हुए थे प्रोफेसर डॉ. आतिफ मियां

प्रिंसटन विश्वविद्यालय और वूडरो विल्सन स्कूल ऑफ पब्लिक पॉलिसी के प्रोफेसर डॉ. आतिफ मियां को पिछले सप्ताह ही परिषद में नियुक्त किया गया था। मियां ने अपने इस्तीफे पर बात करते हुए कहा कि वह ये फैसला इसलिए कर रहे हैं, क्योंकि सरकार को उनकी नियुक्ति को लेकर धार्मिक-राजनीतिक दलों से दबाव का सामना करना पड़ रहा है।

सूचना मंत्री फवाद चौधरी का बयान

इस मसले पर सूचना मंत्री फवाद चौधरी ने ट्विटर पर कहा, 'सरकार विद्वानों और सभी सामाजिक समूहों के साथ आगे बढ़ना चाहती है और अगर किसी एक की नियुक्ति से इसपर विपरीत प्रभाव पड़ता है तो यह अनुचित है।'