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अयोध्या के संतों ने कहा, भगवान राम और कृष्ण पर राजनीति न करें नेता

अध्योध्या के साधु-संतों ने भगवान के नाम पर राजनीतिक करने वालों की कड़ी निंदा की है।

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Lord Ram, Lord Krishna

Lord Ram, Lord Krishna

अयोध्या. अध्योध्या के साधु-संतों ने भगवान के नाम पर राजनीतिक करने वालों की कड़ी निंदा की है। उन्होंने कहा है कि भगवान की मूर्ति को लेकर राजनीतिज्ञों को राजनीति नहीं करनी चाहिए। साधु-संतों ने कहा कि भगवान सभी धर्मों के लिए पूज्यनीय होते हैं, इसलिए इनके नाम पर राजनीति नहीं होनी चाहिए।

दरअसल, भगवान श्री राम की नगरी अयोध्या मे सरयू नदी के किनारे भगवान श्री राम की भव्य व विशाल मूर्ति लगवाने के उत्तर प्रदेश सरकार के प्रस्ताव के बाद समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने सैफई में भगवान श्री कृष्ण की मूर्ति लगवाने की बात कही थी। वहीं, रविवार को गाजियाबाद में यादव युवक-युवती परिचय सम्मेलन में समाजवादी पार्टी के संस्थापक व संरक्षक मुलायम सिंह यादव ने यह कहकर इस विवाद को हर हवा दे दी कि भगवान श्री राम सिर्फ उत्तर भारत में पूजे जाते हैं, जबकि भगवान श्रीकृष्ण हर जगह पूजे जाते हैं। मुलायम सिंह यादव के इस बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में भूचाल आ गया था। भाजपा, कांग्रेस समेत कई पार्टियों ने इस बयान की कड़ी निंदा की थी। इसके बाद अब अयोध्या के साधु-संतों ने कहा है कि भगवान के नाम पर राजनीति कतई नहीं होनी चाहिए।

भगवान राम व कृष्ण के नाम पर रानीतिक रोटी सेकते हैं नेता

श्री राम जन्मभूमि के पुजारी सतेन्द्र दास ने कहा कि यह नेता यदि भगवान राम और श्री कृष्ण कि मूर्ति लगवाने लगे तो अच्छी बात है, लेकिन यह मूर्ति किस उदेश्य से लगती है यह मुख्य बात है। उन्होंने कहा कि नेताओ कि मूर्ति केवल प्रदर्शन के लिए लगती है, जबकि भगवान की मूर्ति श्रद्धा व पूजने के लिए लगाई जाती है। सतेंद्र दास ने आगे कहा कि सीएम योगी आदित्यनाथ द्वारा अयोध्या मे भगवान राम की मूर्ति लगवाने और अखिलेश यादव द्वारा सैफई में भगवान श्री कृष्ण की मूर्ति लगवाना सिर्फ राजनीतिक रोटियां सेकना है। उन्होंने कहा कि दोनों नेता भगवान के नाम पर सिर्फ राजनीति करना चाहते हैं, जो गलत है।

मुलायम सिंह यादव का बयान गलत

उन्होंने कहा कि भगवान राम व श्री कृष्ण की मूर्ति सिर्फ मंदिरंों मे लगती है। यह सिर्फ दिखा रहे हंै कि हम भगवान के प्रति कितनी आस्था रखते हैं। उन्होंने कहा कि भगवान राम और कृष्ण मे हम कोई अंतर नहीं रखते, सपा संरक्षक मुलायम सिंह ने जो कहा वह गलत है। भगवान राम के बारे मे राम भक्त जानते हंै कि कहा उनकी पूजा होती है। वैसे राम और श्री कृष्ण दोनों प्रसिद्ध हैं। उन्होंने कहा कि मुलायम सिंह यादव यह गलत हैं। उन्होंने कहा कि मुलायम सिंह यादव ने कारसेवकों पर गोली चलवाया था, इसलिए वह हत्यारें हैं।

धर्म के नाम पर राजनीति नहीं होनी चाहिए

अयोध्या के जगतगुरु राम दिनेशाचार्य महाराज ने कहा कि भगवान के चरित्र व आचरणों को अपने जीवन मे उतारने के लिए केवल उत्तर भारत के लोग ही नहीं हैं, अपितु पूरे विश्व के लोग हैं। इस रूप मे भगवान को उत्तर भारत व दक्षिण भारत न कह कर के पूरा विश्व के परमात्मा है तथा एक मर्यादा पुरुषोतम है तो दूसरे पुस्ट पुरुषोतम है। उन्होंने कहा कि सीएम योगी की अगर भगवान राम तथा अखिलेश यादव की भगवान श्री कृष्ण में आस्था है तो अच्छी बात है, लेकिन इस पर राजनीति नहीं होनी चाहिए।