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अयोध्या में एयरपोर्ट के लिए किसान नहीं दे रहे जमीन, अब सरकार जबरन लेगी 25 एकड़ जमीन

मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीरामचंद्र अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट अयोध्या को योगी सरकार समय से पूरा करना चाह रही है। पर जिला प्रशासन हर कोशिश कर परेशान है पर पूरी जमीन की खरीद नहीं हो पा रही है। हारकर जिला प्रशासन ने अवशेष 25 एकड़ जमीन के अधिग्रहण के लिए शासन को प्रस्ताव भेज दिया है।    

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अयोध्‍या में बनेगा देश का पहला लग्जरी सोलर रामायण क्रूज

अयोध्‍या में बनेगा देश का पहला लग्जरी सोलर रामायण क्रूज

यूपी सरकार अयोध्या के विकास के लिए पूरी तरह चौकस है। मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीरामचंद्र अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट को योगी सरकार समय से पूरा करना चाह रही है। पर जिला प्रशासन हर कोशिश कर परेशान है पर पूरी जमीन की खरीद नहीं हो पा रही है। इसमें 25 एकड़ जमीन के लिए किसानों से लगातार वार्ता के बाद भी सहमति नहीं बन पा रही है। हारकर जिला प्रशासन ने अवशेष 25 एकड़ जमीन के अधिग्रहण के लिए शासन को प्रस्ताव भेज दिया है। शासन से मंजूरी मिलते ही एयरपोर्ट के लिए जमीन अधिग्रहण की कार्रवाई शुरू कर दी जाएगी। एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया को अयोध्या एयरपोर्ट के निर्माण की मंजूरी मिली है।

दो साल पहले शुरू हुई थी जमीन लेने की कार्रवाई

अयोध्या में मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीरामचंद्र अंतर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट को शानदार और आधुनिक बनाने के लिए कुल 821 एकड़ जमीन की जरूरत है। इसमें से एयर स्ट्रिप की लगभग 213 एकड़ जमीन पहले से मौजूद है। 108 एकड़ जमीन ग्राम समाज या दूसरी तरह की जमीन है। जिसे मलिकाना हक सरकार के पास है। लगभग पांच सौ एकड़ जमीन निजी काश्तकारों से ली जानी थी। इसमें से अब तक करीब 475 एकड़ जमीन मिल गई है। शेष करीब 25 एकड़ जमीन के लिए किसानों तैयार नहीं हो रहे हैं। अब इसका एक ही उपाय है कि, इस जमीन का अधिग्रहण किया जाए। किसानों से जमीन सहमति के आधार पर लेनी की कार्रवाई अब से लगभग दो साल पहले शुरू की गई थी।

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शासन को प्रस्ताव भेजा - एडीएम

एडीएम वित्त एवं राजस्व महेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि, खरीद से अवशेष बची 25 एकड़ जमीन के अधिग्रहण के लिए अब शासन को प्रस्ताव भेजा है। जिला प्रशासन ने किसानों से सहमति के आधार पर जमीनों की खरीद और उसकी रजिस्ट्री की प्रक्रिया शुरू की। अब तक लगभग 96 फीसदी जमीन करीब 475 एकड़ की खरीद हो चुकी है लेकिन लगभग 25 एकड़ जमीन की खरीद अटक गई है। इसमें तीन गांव की जमीनें बताई गई हैं। इसमें गंजा गांव में करीब 12 एकड़, कुशमाहा गांव में लगभग तीन एकड़, धर्मपुर सहादत में दो एकड़ और जनौरा में लगभग आठ एकड़ जमीन खरीद के लिए अवशेष है।

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दूसरे देश में रहते हैं जमीन के मालिक

तहसीलदार सदर आरके पांडेय ने बताया कि, अधिग्रहण का प्रस्ताव डीएम अयोध्या की ओर से भेजा गया है। एयरपोर्ट के लिए जमीन न देने के कई कारण बताए गए हैं। कुछ किसानों ने जमीन का मूल्य कम बताया और देने से इनकार कर दिया। कुछ पर विवाद की स्थिति है। जनौरी की करीब 7.8 एकड़ जमीन के मालिक मॉरीशस सहित दूसरे देशों में रहते हैं।

तेजी से पूरा कराना है एयरपोर्ट का काम

तहसीलदार सदर आरके पांडेय ने बताया कि, एयरपोर्ट का निर्माण तेजी हो रहा है। एयर स्ट्रिप और टर्मिनल का निर्माण नए साल तक पूरा कराना है। कोशिश है कि अयोध्या में श्रीराम मंदिर में राम लला के विराजमान होने तक यहां से हवाई उड़ानें शुरू कर दी जाएं। अयोध्या का अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट का डिजाइन मंदिर के आकार का बनाया गया है। इसके साथ ही एयरपोर्ट तक पहुंचने के लिए फोरलेन सड़क अयोध्या-प्रयागराज मार्ग से बनाई जाएगी।

मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीरामचंद्र अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट

कुल जमीन - 821 एकड़
पहले से मौजूद एयर स्ट्रिप की जमीन - 213 एकड़
ग्राम समाज - 108 एकड़
किसानों से मिली जमीन - 475 एकड़

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