9 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

catch_icon

प्लस

epaper_icon

ई-पेपर

profile_icon

प्रोफाइल

Photos: राममय अयोध्याधाम! 100 मंचों पर सांस्कृतिक शोभायात्रा के सारथी बनेंगे 2500 लोक कलाकार

100 मंचों पर 2500 लोक कलाकार सांस्कृतिक शोभायात्रा के सारथी बनेंगे। ये सभी कलाकार नृत्य-गायन-वादन की अनेक विधाओं के जरिए कलियुग की अयोध्या में त्रेतायुग सा दीदार कराएंगे।

2 min read
Google source verification
ram_3.jpg

शहर के 100 मंचों पर 2500 लोक कलाकार सांस्कृतिक शोभायात्रा के सारथी बनेंगे और नृत्य-गायन-वादन की अनेक विधाओं के जरिए अयोध्या में राम लला के भव्य स्वागत करेंगे।100 स्थानों पर कलाकार भारतीय संस्कृति की खुशबू अपनी प्रस्तुति से बिखरेंगे। इनमें एयरपोर्ट के गेट नंबर-3 के सामने, गुरुदेव पैलेस के सामने, दिशा कोचिंग के सामने, जीवन साथी मैरिज लॉन, साकेत पुरी मोड़, महोबरा ब्रिज से पहले और बाद, महेश योगी रामायण के सामने, सूर्या पैलेस होटल, मल्टीलेवल पार्किंग जानकी रसोई, साकेत पेट्रोल पंप, धर्मपथ से लता चौक की तरफ, लता चौक से श्रीराम पथ की तरफ, रामजन्मभूमि गेट नंबर-एक के सामने, अरुंधति कॉम्पलेक्स से एलईडी वॉल के बगल में टेढ़ी बाजार चौराहे तक, साकेत डिग्री कॉलेज के गेट नंबर-1 के सामने, सर्किट हाउस गेट के बगल में, रामपथ प्रारंभ, पराग डेयरी, श्रीराम मंदिर गेट से लता चौक की तरफ, होटल राजा राम पैलेस समेत 100 मंचों पर कार्यक्रम होगा।

ram2_1.jpg

गाजीपुर के सल्टू राम, संजय कुमार, आजमगढ़ के सुनील कुमार, मुन्ना लाल मंचों पर धोबिया लोकनृत्य की बहार बहाएंगे। गोरखपुर के छेदी यादव, रामज्ञान, विंध्याचल आजाद फरुआही नृत्य से माटी की खुशबू बिखरेंगे तो गोरखपुर की ही सुगम सिंह शेखावत व राकेश कुमार टीम के साथ वनटांगिया जनजातीय लोकनृत्य का दीदार कराएंगी।

ram3.jpg

रामनगरी में सिर्फ अवध ही नहीं, बल्कि पूरा उत्तर प्रदेश नजर आएगा। वाराणसी के मोहित चौरसिया, राजेश उपाध्याय, दीपक शर्मा डमरू वादन से जहां रामनगरी में काशी की महिमा के जरिए अपने सांसद का स्वागत करेंगे तो अयोध्या के राजीव लोचन मिश्र शंख वादन से अतिथि देवो भवः की परंपरा का साक्षात्कार कराएंगे।

ram4.jpg

लखनऊ की जूही कुमारी अवधी, मानसी विष्ट उत्तरांचल के नृत्य से अभ्यागतों का स्वागत करेंगे। मथुरा के खजान सिंह व महिपाल बम रसिया तो राजेश शर्मा-मणिका, माधव आचार्य, गीतकृष्ण शर्मा मयूर लोकनृत्य से ब्रज की खुशबू से अवध को महकाएंगे।