
प्रतीकात्मक फोटो
पत्रिका न्यूज नेटवर्क
आजमगढ़. अल्पसंख्यक समुदाय के छात्र-छात्राओं को केंद्र सरकार से मिलने वाली छात्रवृत्ति में नया पेंच फंस गया है। अल्पसंख्यक समुदाय के विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति योजना का लाभ तभी मिलेगा जब संस्था द्वारा आधार का प्रमाणीकरण कराया जाएगा। यानि आधार प्रमाणीकरण सभी संस्थाओं को कराना होगा। आधार प्रमाणीकरण न कराने वाली संस्थाओं के छात्र-छात्राओं को छात्रवृत्ति योजना का लाभ नहीं मिलेगा।
बता दें कि अल्पसंख्यक समुदाय के प्राथमिक से उच्च शिक्षा तक के छात्र-छात्राओं को केन्द्र सरकार द्वारा छात्रवृत्ति दी जाती है। इससे गरीब छात्रों को काफी राहत मिलती है। छात्रवृत्ति में अनियमितता को रोकने के लिए सरकार ने यह फैसला किया है। इसके तहत छात्र-छात्राओं को योजना का लाभ दिलाने के लिए सभी संस्थाओं को आधार प्रमाणीकरण करना होगा। आधार प्रमाणीकरण न कराने वाले संस्थानों के अल्पसंख्यक वर्ग के छात्रों को केन्द्र सरकार की छात्रवृत्ति का लाभ नहीं मिलेगा।
जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी ने बताया कि केवाईसी के बाद संस्थान के नामित नोडल अफसर को अपना आधार प्रमाणीकरण करना होगा। जो संस्थान आधार प्रमाणीकरण नहीं कराएंगे उनके अल्पसंख्यक छात्र-छात्राएं छात्रवृत्ति के लिए आवेदन नहीं कर पाएंगे। प्री-मीट्रिक के संस्थान 15 नवम्बर और अन्य संस्थान 30 नवम्बर तक आधार प्रमाणीकरण कर सकते हैं। योजना के तहत कक्षा एक से पांच तक के अल्पसंख्यक समुदाय के बच्चों को एक हजार की छात्रवृत्ति तथा कक्षा 6 से 10 तक कोर्स के हिसाब से छात्रवृत्ति व फीस प्रतिपूर्ति मिलती है। वहीं पोस्ट मीट्रिक (11 से पीएचडी तक) व मेरिट कम मीन्स (प्रोफेशनल एंड टेक्निकल कोर्स) में भी केन्द्र सरकार अल्पसंख्यक छात्रों फीस प्रतिपूर्ति करती है।
Published on:
03 Nov 2021 09:36 am
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