
राशन कोटेदार के माध्यम से लोगों को मिलेगा जबकि कंवर्जन कास्ट सीधे खाते में जाएगी।
आजमगढ़. परिषदीय विद्यालय चाहे जब खुलें लेकिन इसमें पढ़ने वाले बच्चों को मिड-डे-मील योजना का लाभ मिलता है। योगी सरकार के इस फैसलेे से जिले में करीब 4.25 लाख बच्चे लाभान्वित होंगे। सरकार के निर्देश के बाद बच्चों को 76 दिन का राशन व कंवर्जन कास्ट अभिभावकों को देने की तैयारी शुरू हो गयी है। राशन कोटेदार के माध्यम से लोगों को मिलेगा जबकि कंवर्जन कास्ट सीधे खाते में जाएगी।
कोरोना संक्रमण के चलते हुए लाकडाउन के कारण परिषदीय विद्यालय मार्च माह में ही बंद कर दिये गये थे। इन स्कूलों में पढ़ रहे बच्चों को 24 मार्च से एमडीएम नहीं मिला है। 20 मई से 30 जून तक ग्रीष्मावकाश के कारण एमडीएम वितरण नहीं होता है। कोविड-19 के कारण सरकार ने इस बार सभी परिषदीय स्कूलों के बच्चों को 24 मार्च से 30 जून 2020 तक का अनाज और राशि देने का निर्णय लिया है। शासन के निर्देश पर जिले के 425000 बच्चों को इससे लाभान्वित करने की तैयारी चल रही है।
अब इतनी मिलेगी कंवर्जन कास्ट
प्रभारी बेसिक शिक्षा अधिकारी अमरनाथ राय का कहना है कि शासन से निर्देश जारी किया गया है। इसके तहत प्राइमरी के बच्चे को 7.60 किग्रा और जूनियर में प्रति बच्चा 11.40 किग्रा राशन दिया जाएगा। ये राशन कोटेदार के माध्यम से दिया जाएगा। इसके साथ ही कन्वर्जन कास्ट अभिभावकों के खाते में भेजी जाएगी। प्राइमरी स्कूल के एक बच्चे को 76 दिन के लिए 374.29 रुपये और जूनियर में प्रति विद्यार्थी 561.02 रुपये कंवर्जन कास्ट दी जाएगी।
Updated on:
01 Jun 2020 08:47 pm
Published on:
01 Jun 2020 08:42 pm
बड़ी खबरें
View Allआजमगढ़
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
