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दफनाने के 12 घंटे बाद पता चला मृतक कोरोना पॉजिटिव था, मचा हड़कंप

क्षेत्र में लगातार बढ़ रहे कोरोना ने प्रशासन एवं चिकित्सा विभाग की नींद उड़ा रखी है। चौमूं क्षेत्र में अब तक 7 जनों की मौत होने के साथ ही 464 जने संक्रमित हो चुके हैं। इसी के बीच चिकित्सा विभाग का सूचना तंत्र भी ढीला नजर आ रहा है। सोमवार को शहर में एक व्यक्ति के दफनाए जाने के दूसरे दिन चिकित्सा प्रशासन को कोरोना संक्रमित होने का पता चला।

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बगरू

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Ashish Sikarwar

Oct 05, 2020

दफनाने के 12 घंटे बाद पता चला मृतक कोरोना पॉजिटिव था, मचा हड़कंप

क्षेत्र में लगातार बढ़ रहे कोरोना ने प्रशासन एवं चिकित्सा विभाग की नींद उड़ा रखी है। चौमूं क्षेत्र में अब तक 7 जनों की मौत होने के साथ ही 464 जने संक्रमित हो चुके हैं। इसी के बीच चिकित्सा विभाग का सूचना तंत्र भी ढीला नजर आ रहा है। सोमवार को शहर में एक व्यक्ति के दफनाए जाने के दूसरे दिन चिकित्सा प्रशासन को कोरोना संक्रमित होने का पता चला।

जयपुर/चौमूं. क्षेत्र में लगातार बढ़ रहे कोरोना ने प्रशासन एवं चिकित्सा विभाग की नींद उड़ा रखी है। चौमूं क्षेत्र में अब तक 7 जनों की मौत होने के साथ ही 464 जने संक्रमित हो चुके हैं। इसी के बीच चिकित्सा विभाग का सूचना तंत्र भी ढीला नजर आ रहा है। सोमवार को शहर में एक व्यक्ति के दफनाए जाने के दूसरे दिन चिकित्सा प्रशासन को कोरोना संक्रमित होने का पता चला। इससे चिकित्सा एवं प्रशासन में हड़कंप मच गया। सूचना पर पहुंची टीम ने मृतक परिवार को क्वारंटीन के लिए पाबंद किया और 100 मीटर का दायर प्रतिबंधित क्षेत्र घोषित किया।
शहर की आरआरटी टीम ने बताया कि मृतक शहर के एक निजी अस्पताल कोविड सेंटर में भर्ती था, जिसकी रविवार को मौत हो गई थी। उसे सांस लेने में परेशानी आने के चलते परिजनों ने निजी अस्पताल में भर्ती कराया था। उपचार के दौरान मौत हो गई। निजी अस्पताल प्रशासन ने मृतक का सैंपल लिया था। पॉजिटिव आने की सूचना सोमवार को मिली है। सूचना पर चिकित्सा टीम ने निजी अस्पताल में पहुंचकर जानकारी जुटाई व परिवार के परिजनों को क्वारंटीन के लिए पाबंद किया। साथ ही 100 मीटर का दायर भी प्रतिबंधित घोषित किया।

देरी से पता चलने का दूसरा मामला आया सामने
चौमूं शहर में मौत के बाद कोरोना संक्रमित होने का चिकित्सा विभाग को देरी से पता चलने का दूसरा मामला है। इससे पहले 23 सितंबर को शहर में एक महिला के अंतिम संस्कार के 12 घंटे बाद चिकित्सा विभाग को पता चला था। ऐसे में लगता है कि चिकित्सा विभाग का सूचना तंत्र ढीला है।

कितने लोगों से मिल चुके होंगे परिजन
सूचना देरी से मिलने की वजह से मृतक के परिजन दफनाए एवं अंतिम संस्कार से लेकर अन्य रस्म तक कई लोगों से मिल चुके होते हैं। ऐसे में अन्य लोगों के भी संक्रमित होने का डर रहता है। लोगों का कहना है कि चिकित्सा विभाग को गंभीरता बरतनी होगी। ताकि समय पर सूचना मिलने से लोग सजग रहे।

उपखंड में 96 लोगों की सैंपलिंग
सोमवार को उपखंड क्षेत्र में चिकित्सा टीमों ने कोरोना संक्रमण की जांच के लिए ९६ लोगों की सैंपलिंग की। शहर में 43, सीएचसी गोविंदगढ़ में 43, ढोढसर में 6, किशनमानपुरा में 3, सिंगोद खुर्द में 1 जने का सैंपल लिया। चिकित्साकर्मियों के मुताबिक सैंपलों की जांच मंगलवार तक आने की उम्मीद है।

लोगों को बरतनी होगी सावधानी
इधर, लोग भी बेपरवाह होते नजर आ रहे हैं। शहर के बाजार हो या अस्पताल सभी जगहों पर सोशल डिस्टेंसिंग की पालना नजर नहीं आ रही है। सोमवार को शहर राजकीय अस्पताल में लोग दवा व पर्ची काउंटर पर बिना सोशल डिस्टेंस के खड़े मिले। अस्पताल प्रशासन ने भी कोई व्यवस्था नहीं कर रखी है। कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए लोगों को जागरूक होना होगा।

फैक्ट फाइल
उपखंड में कोरोना केस
646
ठीक होने वाले
372
उपचाररत मरीज
85
कोरोना संक्रमण से अब तक मौत
7